तहसील परिसर में लगी आरओ मशीन पांच वर्ष बाद भी नहीं ठीक कराई जा सकी। जिससे तहसील में पेयजल की समस्या बढ़ती ही जा रही है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि कई बार की गई शिकायत के बाद भी आरओ मशीन की खराबी दूर नहीं की गई। जिससे समस्या जस की तस है।
बता दें कि सन 2017 में तत्कालीन विधायक गिरीश चन्द्र पांडेय उर्फ गामा पाण्डेय ने तहसील परिसर में पानी की समस्या को देखते हुए आरओ मशीन को स्थापित कराया था। जिसकी क्षमता दिन भर में पांच सौ लीटर स्वच्छ पानी देने की थी, लेकिन तीन वर्ष तक सब कुछ ठीक था फिर अचानक मशीन में आई तकनीकी खराबी से पेयजल की आपूर्ति बंद हो गई। कई बार की गई शिकायत के बाद भी खराबी दूर नहीं की जा सकी। जिससे तहसील में पानी की समस्या बढ़ती ही जा रही है। संवाद
शिकायत का तहसील के अधिकारियों पर कुछ भी असर ही नहीं है। जबकि तहसील में पानी की समस्या बढ़ती ही जा रही है। स्वच्छ पेयजल देने के नाम पर स्थापित कराई गई आरओ मशीन पांच वर्ष से खराब पड़ी है। इस समस्या को प्रशासन को गंभीरता से लेना चाहिए। -जटाशंकर शुक्ला पूर्व अध्यक्ष बार एसोसिएशन मेजा।
कई बार की गई शिकायत के बाद भी आरओ मशीन को ठीक नहीं कराया जा सका है। इसकी शिकायत जिलाधिकारी से भी की जा चुकी है। समस्या गंभीर होती जा रही है। -अतुल वैभव द्विवेदी, मंत्री बार एसोसिएशन मेजा।
तहसील में पानी की समस्या विकराल होती जा रही है। पेयजल आपूर्ति के लिए स्थापित आरओ मशीन पूरी तरह से खराब हो गई है। मरम्मत के नाम पर प्रशासन लापरवाह बना हुआ है। -राजू पांडेय, अधिवक्ता
तहसील में पेयजल की आपूर्ति पूरी तरह से ध्वस्त है। आरओ मशीन को ठीक करने के लिए प्रशासन लापरवाह बना हुआ है। इसकी शिकायत जिलाधिकारी से की गई है। -देवानन्द सिंह, अध्यक्ष बार एसोसिएशन मेजा।
तकनीकी खराबी से आरओ मशीन काफी दिनों से खराब है। टेक्नीशियन को बुलाकर ठीक कराया जाएगा। तहसील में पानी की समस्या नहीं होने दी जाएगी।- सुरेंद्र प्रताप यादव, एसडीएम मेजा।
जटाशंकर शुक्ला
जटाशंकर शुक्ला
जटाशंकर शुक्ला