Divorce given to wife by calling from Saudi Arabia
प्रयागराज जिले में तीन तलाक का पहला मुकदमा दर्ज
पति समेत अन्य ससुरालियों के खिलाफ भी एफआईआर
घूरपुर (प्रयागराज)। तीन तलाक पर कानून बनने के बाद प्रयागराज जिले में इससे संबंधित पहला मामला दर्ज किया गया है। घूरपुर के पिपिरसा गांव के एक युवक ने दहेज की मांग पूरी न होने पर सऊदी अरब से फोन पर पत्नी को तीन तलाक दे दिया। इस बीच बड़े बुजुर्गों ने दंपती के बीच सुलह की कई बार कोशिश की। जब बात नहीं बनी तो पीड़ित महिला सबीना ने घूरपुर थाने में पति व अन्य ससुरालीजनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी।
यमुनापार के खीरी क्षेत्र की रहने वाली सबीना बेगम का निकाह दो अप्रैल 2018 को घूरपुर के पिपिरसा गांव के अशरफ अली के साथ हुआ था। सबीना का आरोप है कि शादी में पिता ने सामर्थ्य अनुसार दहेज दिया था, लेकिन पति समेत ससुराल के अन्य लोग शादी के बाद से ही उसे और दहेज लाने के लिए परेशान करने लगे। अशरफ की मांग थी कि उसे अपाचे बाइक, एक लाख रुपये और सऊदी अरब का वीजा दिलवाए। यह बात सबीना ने पिता को बताई तो वे परिवार के बड़े बुजुर्गों के साथ अशरफ के पास पहुंचे और अपनी मजबूरियां बताईं। सबके सामने अशरफ का परिवार मान गया, लेकिन सबीना के साथ मारपीट की जाती रही। उसे अक्सर कमरे में बंद कर दिया जाता। 24 जून 2018 को अशरफ सऊदी अरब चला गया। इसके बाद ससुराल के अन्य लोगों ने सबीना को प्रताड़ित कर मायके भेज दिया गया। सबीना के पिता फिर अशरफ के घर पहुंचे और किसी तरह सबीना और ससुराल वालों के बीच समझौता कराया। वह ससुराल चली गई, लेकिन ससुरालियों के रवैये में कोई सुधार नहीं आया था।
एक अगस्त को उसके पति अशरफ ने अपनी बहन को फोन किया। काफी देर तक बात करने के बाद बहन ने फोन सबीना को दे दिया। अशरफ ने उसके साथ गाली गलौज करते हुए फोन पर ही तीन तलाक दे दिया। शनिवार को सबीना ने पति अशरफ अली, ससुर गुलाम रसूल, सास सोना बेगम, ननद छोटी बानो और रेशमा बेगम के खिलाफ दहेज उत्पीड़न तथा मुस्लिम महिला (विवाह पर अधिकारों की सुरक्षा) अधिनियम 2019 के तहत एफआईआर दर्ज करा दी। एसओ घूरपुर वृंदावन राय ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है।