दिल्ली के मधुमेह विशेषज्ञ डॉ. राजीव दीक्षित ने बताया कि अगर शुरुआती दौर में ही मरीज के मधुमेह का स्तर 7.5 - 9.0 के बीच है तो उसे दो या तीन दवाइयों के संयोजन से काबू किया जा सकता है। इसके साथ ही दवाइयों की कम डोज से भी मरीजों को ज्यादा राहत दी जा सकती है। इस विधि के सकारात्मक परिणाम भी मिल रहें हैं। साथ ही मरीजों में लो डायबिटीज और वजन बढ़ने की समस्या भी कम आती है। डायबिटीज एंड ओबेसिटी सेंटर के निदेशक डॉ. बृज मोहन मक्कर ने मधुमेह के नवीनतम उपचार के एवं उसके रोकथाम पर चर्चा की। इस दौरान डॉ. संजय अग्रवाल, डॉ. कमलाकांत त्रिपाठी, डॉ. विजय पाटनी, डॉ. सुभाष कुमार, डॉ. प्रीति कुमार, डॉ. शाकिब खान ने मधुमेह से जुड़े अनुभवों को साझा किया।