प्रयागराज। सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत पर हत्या की नीयत से बमबाजी करने के आरोपी अब शिकायतकर्ता को धमका रहे हैं। धूमनगंज पुलिस तीन महीने बाद भी गिरफ्तारी नहीं कर सकी है और पीड़ित का परिवार दहशत में है।
नीवा निवासी वीरेंद्र कुमार यादव ने बताया कि उन्होंने मोहल्ले में स्थित सरकारी तालाब पर कब्जे की शिकायत अफसरों से की थी। कार्रवाई न होने पर कोर्ट का सहारा लिया जिसके आदेश पर 24 फरवरी को न सिर्फ तालाब पर बना स्कूल ढहा दिया गया। बल्कि मुकदमा भी दर्ज हुआ। आरोप है कि इसी से खुन्नस खाए अवैध कब्जे के आरोपी व उसके दो बेटों ने बीती चार मार्च को जान से मारने की नीयत से उसके घर पर चढ़कर बम से हमला किया। मामले में रामलखन यादव व उसके दो बेटों समेत चार के खिलाफ हत्या का प्रयास, बमबाजी व धमकाने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई।
हालांकि तीन महीने बाद भी गिरफ्तारी नहीं हुई। आरोप है कि बेखौफ आरोपी अब उसे धमका रहे हैं। आए दिन उसके घर के सामने अपने साथियों संग जमा होकर गालीगलौज करते हैं। शिकातय के बावजूद पुलिस कार्रवाई नहीं कर रही है। पीड़ित ने बताया कि उसने मामले की शिकायत उच्चाधिकारियों से भी की है। उधर यह भी चर्चा है कि आरोपी धूमनगंज क्षेत्र में ही रहने वाले एक दबंग का करीबी है। मामले में धूमनगंज इंस्पेक्टर शमशेर बहादुर से बात की गई तो उन्होंने मुकदमे की प्रगति की जानकारी से इंकार कर दिया। उधर एसपी सिटी बृजेश कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि तीन महीने बाद भी गिरफ्तारी नहीं हुई तो इस बारे में पूछताछ की जाएगी।