संगम तट पर भक्तों की भीड़
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इस पर्व पर आज चतुर्दश लिंग की पूजा के साथ ही बैद्यनाथ जयंती भी मनाई जाएगी। व्रत का पारण 12 मार्च को किया जाएगा। उत्थान ज्योतिष संस्थान के निदेशक ज्योतिर्विद पं दिवाकर त्रिपाठी ‘पूर्वांचली’ के मुताबिक त्रयोदशी तिथि का संचरण 10 मार्च को दिन में 2.52 बजे हुआ, तिथि 11 मार्च को दिन में 2.21 बजे तक रहेगी। इसके बाद चतुर्दशी तिथि लग जाएगी। ऐसे में प्रदोष एवं निशीथ काल मे चतुर्दशी तिथि मिलने से पर्व का महत्व कई गुना बढ़ गया है।