हाईकोर्ट की लिफ्ट ऑपरेटर व मेकैनिक परीक्षा के दौरान रविवार को राजरूपपुर स्थित केंद्र पर तीन मुन्नाभाई पकड़े गए। यह ब्ल्यूटूथ डिवाइस के जरिए नकल कर रहे थे। इस दौरान एक तो पकड़ लिया गया लेकिन दो आरोपी भाग निकले। पकड़े गए युवक को पुलिस के हवाले कर दिया गया। धूमनगंज पुलिस का कहना है कि उससे पूछताछ की जा रही है।
हाईकोर्ट की ओर से रविवार को लिफ्ट ऑपरेटर व मेकैनिक(इलेक्ट्रिकल एंड मेकैनिकल) पद पर भर्ती के लिए परीक्षा आयोजित की गई थी। धूमनगंज के राजरूपपुर स्थित सैनिक बाल विकास इंटर कॉलेज को परीक्षा केंद्र बनाया गया था। परीक्षा सुबह 11 बजे से शुरू होनी थी लेकिन अभ्यर्थियों के लिए रिपोर्टिंग टाइम 9.30 बजे ही था। पुलिस के मुताबिक, केंद्र प्रबंधन ने बताया कि निर्धारित समय पर परीक्षा की शुरुआत हुई। करीब 45 मिनट ही बीते थे कि कक्ष संख्या सात-ए में परीक्षा दे रहे युवक की गतिविधियां संदिग्ध देख कक्ष निरीक्षक राजकुमार ने पूछताछ की तो वह घबरा गया। तलाशी के दौरान पता चला कि वह ब्ल्यूटूथ डिवाइस के जरिए नकल कर रहा था। पूछताछ में उसने अपना नाम साजिद अली पुत्र मेहरबान निवासी मवाना मेरठ बताया।
उधर कुछ देर बाद पहली मंजिल पर स्थित कक्ष संख्या 10 में भी दो परीक्षार्थियों को इसी प्रकार ब्ल्यूटूथ डिवाइस से नकल करते पकड़ा गया। दोनों ने खुद को शैलेंद्र कुमार पुत्र गजराज निवासी चांद्रपुर बिजनौर व धर्मेंद्र कुमार सिंंह पुत्र देवराज सिंह निवासी भीटी हंडिया बताया। तीनों के पास दो मोबाइल, दो ब्ल्यूटूथ डिवाइस, दो सिमकार्ड व एक ईयरफोन मिला। कॉलेज की प्रधानाचार्य आशा डोबरियाल ने बताया कि पुलिस को सूचना देकर दोनों को नीचे लाया जा रहा था कि तभी पहली मंजिल से नीचे छलांग लगाकर दोनों भाग निकले। कुछ देर बाद एसआई श्रवण निगम फोर्स संग पहुंचे तो उन्हें पूरी जानकारी दी गई और पकड़े गए साजिद को उसके हवाले कर दिया गया। धूमनगंज इंस्पेक्टर संदीप मिश्रा ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है। तीनों के खिलाफ मुकदमा लिखा गया है। अन्य दोनों की तलाश की जा रही है।