प्रयागराज। एसटीएफ ने भाड़े के एक हत्यारे समेत तीन को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया है। सिंचाई विभाग के एक लिपिक ने अपनी सास और साले के मर्डर के लिए नैनी जेल में बंद बदमाश की जमानत कराके उसे सुपारी दी थी। तीनों को जेल भेज दिया गया। इस मामले में लोकसभा का चुनाव लड़ चुका एक नेता भी पकड़ा गया है। एसटीएफ को सूचना मिली थी कि नैनी जेल से छूटा विपिन सिंह निवासी मरईपुर उतरांव किसी की हत्या करने वाला है। उसके नंबर की जांच की गई। सर्विलांस के माध्यम से पूरा खुलासा हो गया। एसटीएफ इंस्पेक्टर केसी राय और अतुल सिंह ने 13 नवंबर को विपिन सिंह के अलावा निष्ठा देव निवासी सिसई मऊआइमा और राम अभिलाष निवासी फतूहपुर नवाबगंज को धूमनगंज के सूबेदारगंज के पास से गिरफ्तार कर लिया। केसी राय ने बताया कि राम अभिलाष सिंचाई विभाग में प्रधान सहायक है।
उसने शांतिपुरम की रहने वाली नर्स से लव मैरिज की थी। शादी के बाद दोनों में झगड़ा शुरू हो गया। इसके बाद उसकी सास तारा और साले दीपेश सिंह ने उसकी बेइज्जती शुरू कर दी। उसका आफिस और घर कुछ नहीं छोड़ा गया। दोनों जगह आकर उसके साथ मारपीट की जाती। तंग आकर उसने अपने दोस्त निष्ठा देव से कुछ कराने को कहा। निष्ठा ने एक दोस्त के माध्यम से जेल में बंद विपिन सिंह से संपर्क किया। विपिन अल्लापुर में अभिषेक त्रिपाठी की हत्या में जेल में बंद था। राम अभिलाष और निष्ठा ने विपिन की जमानत कराई और उसे आठ हजार रुपये और तमंचा मुहैया करा दिया। इसी बीच एसटीएफ को पूरे मामले की जानकारी हो गई और तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया। इंस्पेक्टर केसी ने बताया कि जेल में रहने के दौरान उसके दोस्त लादे यादव ने अपने दुश्मन संतोष को मारने के लिए 30 लाख की सुपारी का आफर दिया था लेकिन अभी पैसा लिया नहीं गया था। उसकी भी जांच चल रही है।