सोरांव पुलिस ने शुक्रवार रात सीआरपीएफ के भावी दरोगा को लूट के आरोप में गिरफ्तार किया। आरोपी के साथ उसका भाई व एक अन्य युवक भी गिरफ्तार किए गए हैं। पुलिस का दावा है कि पकड़े गए अभियुक्त क्षेत्र में हुई लूट की कई वारदातों में शामिल रहे हैं। उनके पास से लूटी गई बाइक के साथ अवैध असलहे भी बरामद हुए हैं।
एसपी गंगापार सुनील कुमार सिंह ने बताया कि बीती आठ मई को रात 10 बजे बीबीएस इंटर कॉलेज के पास तीन बदमाशों ने अपाचे बाइक लूट ली थी। इस संबंध में फाफामऊ निवासी नीता यादव की तहरीर पर मुकदमा लिखा गया था। पुलिस लुटेरों की तलाश में लगी तो कुछ अहम क्लू हाथ लगे। शुक्रवार रात मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने रात 9.30 बजे के करीब गोहरी रेलवे क्रॉसिंग के पास से तीन लोगों को पकड़ा गया। इनमें सगे भाई प्रशांत कुमार यादव व ईशांत उर्फ अर्पित यादव निवासी बलिकरनपुर, सोरांव और सलमान निवासी कुरगांव, सोरांव शामिल हैं। इनके पास से मिली बाइक के कागजात न दिखा पाने पर पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो हकीकत सामने आ गई। पता चला कि यह आठ मई को लूटी गई बाइक है। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। एसपी ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने उतरांव में तीन लूट की घटनाओं में शामिल होने की बात कबूली है। इनके पास से लूटी गई बाइक, एक तमंचा, एक कारतूस व एक बम बरामद हुआ है। आरोपियों का एक साथी ननका पासी निवासी बनकेसरी थरवई फरार है जिसकी तलाश की जा रही है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया के सामने प्रशांत ने बताया कि वह राजकीय पॉलीटेकिभनक, बांदा से सिविल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा प्राप्त कर चुका है। यही नहीं उसका सीआरपीएफ में सब इंस्पेक्टर पद पर अंतिम चयन भी हो चुका है। उसके पिता किसानी करते हैं। उधर सलमान के बारे में पुलिस का कहना है कि सोरांव में लूट के मामले में वह पहले भी जेल जा चुका है।
पुलिस ने बताया कि पूछताछ में पता चला कि बदमाश बीबीएस कॉलेज के पास लूटी गई अपाचे बाइक पर दूसरी बाइक की नंबर प्लेट लगाकर वारदातों को अंजाम दे रहे थे। एसपी ने बताया कि कुछ महीनों पहले हाईवे पर बदमाशों ने एक महिला से असलहे के दम पर चार हजार नगदी व सोने की चेन लूट ली थी। इसी दौरान स्थानीय लोगों को आते देख बदमाश अपनी अपाचे बाइक छोड़कर भाग निकले थे। तीनों पकड़े गए तो उनके पास से बरामद लूटी गई बाइक पर उसी अपाचे बाइक का नंबर लिखा मिला, जिसे वह हाईवे पर छोड़कर भागे थे।