उतरांव में हाईवे पर पयागीपुर गांव के सामने शनिवार सुबह सीमेंट-सरिया लदा ट्रैक्टर बेकाबू होकर पलट गया। हादसे के बाद आसपास के लोग भागकर पहुंचे। दबे लोगों को बाहर निकाला गया। ट्रैक्टर पर बैठे दो युवकों की नीचे दबने से मौके पर ही मौत हो गई, जबकि घायल चालक को उतरांव पुलिस अस्पताल ले गई। दुर्घटना के चलते हाईवे पर घंटो अफरातफरी का माहौल रहा।
उतरांव के दमगढ़ा गांव का अनिल कुमार ट्रैक्टर चालक है। वह शनिवार सुबह गांव से सैदाबाद के भेस्की गांव आ रहा था। यह देखकर गांव का ही राजकुमार (30) पुत्र तुलसीराम भी उसके साथ ट्रैक्टर पर बैठ गया। राजकुमार मां-बाप का इकलौता बेटा था और वह बोल नहीं पाता था। सीमेंट सरिया लोडकर ट्रैक्टर दमगढ़ा के लिए चला तो भेस्की गांव के कुंवर साहब (25) पुत्र शशि कुंवर भी दमगढ़ा चलने के लिए ट्रैक्टर पर बैठ गए।
हाईवे पर पहुंचने के बाद चालक अनिल ने ट्रैक्टर की रफ्तार बढ़ा दी। पयागीपुर गांव के सामने पहुंचने पर ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर पलट गया। तीनों लोग ट्रैक्टर के नीचे दब गए। शोरगुल मचा तो गांव के लोग भागकर पहुंचे। किसी तरह भीड़ ने ट्रैक्टर के नीचे फंसे लोगों को बाहर निकाला तो चालक समेत तीनों लोग खून से लथपथ थे। राजकुमार और कुंवर साहब की मौत हो चुकी थी, जबकि चालक अनिल की सांस चल रही थी। खबर पाकर उतरांव पुलिस पहुंची। पुलिस ने घायल को अस्पताल भेजा। हादसे की खबर मृतकों के घर पहुंची तो कोहराम मच गया। राजकुमार और कुंवर के परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। कुंवर पिता के निजी स्कूल में शिक्षक था। वह तीन भाइयों में बड़ा था। उसकी मौत से माता-पिता और दोनों भाइयों का रोकर बुरा हाल था।