अधिवक्ता राजेश कुमार श्रीवास्तव की हत्या के मुख्य आरोपी प्रदीप जायसवाल को पुलिस रिमांड पर लेने की तैयारी में है। इसके लिए उसकी ओर से न्यायालय में अर्जी डाली गई है। पुलिस को अब मंजूरी का इंतजार है। इसके बाद रिमांड पर लेेकर प्रदीप से पूछताछ की जाएगी। पुलिस को उम्मीद है कि प्रदीप से पूछताछ में शूटरों के बारे में कोई जानकारी मिल सकती है।
रामबाग निवासी अधिवक्ता राजेश श्रीवास्तव की 10 मई को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना में मृतक के भाई बृजेश की तहरीर पर पुलिस ने रामबाग स्थित रामायना होटल के मालिक प्रदीप जायसवाल और नगर निगम कर्मचारी कमल को नामजद किया था। साथ ही दो अज्ञात बदमाशों पर भी रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एफआईआर दर्ज होने के कुछ देर बाद ही पुलिस ने प्रदीप को गिरफ्तार कर लिया था। शूटरों की तलाश में लगी पुलिस को उस समय प्रदीप से पूछताछ करने का मौका नहीं मिल सका था। ऐसे में पुलिस अब उससे पूछताछ की तैयारी में है। इसी के तहत उसे रिमांड पर लेने के लिए पुलिस ने न्यायालय में अर्जी दी है। इंस्पेक्टर कर्नलगंज सत्येंद्र सिंह ने बताया कि प्रदीप को रिमांड पर लेने के लिए न्यायालय में 18 मई को अर्जी डाल दी गई है। मंजूरी मिलने के बाद उससे पूछताछ की जाएगी। घरवालों ने जो आरोप लगाया है कि उसके मुताबिक नाले पर हुए अतिक्रमण के विवाद में प्रदीप ने राजेश की हत्या कराई। ऐसे में पुलिस प्रदीप को रिमांड पर लेकर शूटरों के बारे में पूछताछ करेगी।
अधिवक्ता हत्याकांड को अंजाम देने वाले शूटरों की तलाश में क्राइम ब्रांच, स्वाट टीम भी घनचक्कर बनी हुई है। तमाम कवायदों के बाद भी जांच में लगी टीमें अब तक शूटरों के बारे में कोई सुराग हासिल नहीं कर सकी हैं। जबकि उनकी तलाश में आसपास के इलाकों के अलावा पुलिस गैर जनपदों की भी खाक छान चुकी है। एसएसपी नितिन तिवारी ने पिछले दिनों खुद बताया था कि शूटरों में से एक की कद-काठी झारखंड निवासी कुछ बदमाशों से मेल खाती है। ऐसे में क्राइम ब्रांच की एक टीम को झारखंड भेजा गया था। हालांकि वहां भी नाकामी ही हाथ लगी।