राष्ट्रगान पर रोक लगाने से विवादों में आए एमए कॉन्वेंट स्कूल के मेंहदौरी परिसर का रिकॉर्ड गायब कर दिया गया है। इतना ही नहीं स्कूल से फर्नीचर समेत अन्य सामान भी हटा दिए गए हैं। मंगलवार को स्कूल पहुंचे शिक्षा विभाग के अफसर भी अचंभित थे। यहां तक कि स्कूल का बोर्ड भी नहीं मिला। हालांकि, भवन पर नोटिस लगा दिया गया है कि स्कूल को मान्यता नहीं है। अभिभावक अपने बच्चों का इसमें प्रवेश ना कराएं।
शिक्षा विभाग की ओर से स्कूल के सादियाबाद के साथ मेंहदौरी परिसर में भी कार्रवाई की गई, लेकिन अफसर मंगलवार को वहां पहुंचे तो परिवार के लोग मिले, जबकि, वहां स्कूल चलता था, लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही स्कूल से सभी सामान हटा लिया गया था। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी जयकरन यादव ने बताया कि सादियाबाद स्थित स्कूल के आसपास कई विद्यालय चिह्नित किए गए हैं। अभिभावक वहां बच्चों का प्रवेश करा सकते हैं। इनके अलावा वे दूसरे स्कूलों में भी बच्चों का दाखिला करा सकते हैं। किसी तरह की परेशानी पर शिक्षा विभाग मदद करेगा।
उधर, विद्या भारती के स्कूलों में एमए कॉन्वेंट स्कूल के विद्यार्थियों को प्रवेश देने का निर्णय लिया गया है। काशी प्रांत के प्रदेश निरीक्षक चिंतामणि सिंह ने बताया कि ज्वाला देवी सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कालेज गंगापुरी, रसूलाबाद एवं ज्वाला देवी सरस्वती बालिका विद्या मंदिर मम्फोर्डगंज में इच्छुक अभिभावक पाल्य का प्रवेश करा सकते हैं। सरस्वती शिशु विद्या मंदिर ओम गायत्री नगर के प्रबंधक जीडी जोशी ने कक्षा एक से पांच तक विद्यार्थियों को दाखिला देने की घोषणा की। यदि बच्चों ने अगस्त तक फीस दे दी है तो उनसे शुल्क भी नहीं ली जाएगी। सलोरी के पार्षद राजू शुक्ल के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे जीडी जोशी ने डीएम को भी इस बाबत जानकारी दी।
राष्ट्रगान को लेकर विवादों में आए एमए कॉन्वेंट स्कूल की मान्यता पर सवाल उठने के बाद शिक्षा विभाग की ओर से शहर में चलने वाले अन्य फर्जी स्कूलों की सूची भी जारी की गई है। शहर में 72 फर्जी स्कूल संचालित हो रहे हैं। इसमें कई बड़े स्कूल भी शामिल हैं। नगर शिक्षा अधिकारी शशांक शेखर शुक्ला ने इन्हें नोटिस भेजकर तत्काल बंद करने का निर्देश दिया है।