आरपीएफ रामबाग सिटी पोस्ट की टीम ने मंगलवार को शिवचरण लाल रोड स्थित एक पान की दुकान में छापा मारकर रेलवे के आरक्षित टिकटों की कालाबाजारी पकड़ी। आरोपी जरूरतमंद लोगों से प्रति टिकट पर पांच सौ से एक हजार रुपये अधिक वसूल कर तुरंत रेल टिकट तुरंत उपलब्ध कराते थेे। मौके से आरपीएफ ने एक लैपटॉप, प्रिंटर, आठ सिम, दो मोबाइल के साथ 35 हजार मूल्य के पांच तत्काल, चार सामान्य टिकट व 60 हजार के 18 पुराने ई टिकट बरामद किए। आरपीएफ को चकमा देकर एक आरोपी भाग निकला जबकि पान की दुकान और रेलवे का ई टिकट सेंटर चलाने वाले उसके पिता को गिरफ्तार कर लिया गया।
इलाहाबाद रामबाग सिटी स्थित आरपीएफ पोस्ट के उपनिरीक्षक नरेंद्र यादव के मुताबिक उन्हें सूचना मिली कि जीरो रोड स्थित शिवचरण लाल रोड स्थित एक पान की दुकान से रेलवे के आरक्षित टिकट अधिक कीमत पर बेचे जा रहे हैं। इस सूचना पर एसआई नरेंद्र ने स्टाफ के साथ शिवचरण लाल रोड स्थित जैन पान भंडार पर छापा मारा। वहां रेलवे ई टिकट सेंटर के संचालक ज्योति बाबू जैन मिले। पूछताछ के बाद आरपीएफ ने सेंटर और संचालक के पास से पांच तत्काल और चार सामान्य विंडो रेल टिकट बरामद किए। इन नौ टिकट का मूल्य करीब 35 हजार है। फिर मौके से 59 हजार 818 रुपये के 18 पुराने ई रेल टिकट भी बरामद किए गए। मौके से आरपीएफ ने लैपटॉप, प्रिंटर, सिम, मोबाइल और रेल टिकट की कालाबाजारी से जुड़े रिकार्ड जब्त किए हैं।
उपनिरीक्षक नरेंद्र के मुताबिक आरोपी पिता ज्योति बाबू जैन व उसका बेटा गौरव पान की दुकान की आड़ में रेल टिकट की कालाबाजारी करते थे। हर जरूरतमंद से पांच सौ से एक हजार रुपये तक अवैध रूप से बनाए गए रेलवे के आरक्षित टिकट दिए जाते थे। दोनों आरोपियों के खिलाफ रामबाग सिटी पोस्ट पर रेलवे एक्ट की धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया गया है। फरार गौरव की तलाश में दबिश भी दी गई लेकिन वह पकड़ में नहीं आया।