ससुराल में संदिग्ध मौत के बाद रविवार सुबह महिला का शव प्रतापगढ़ से अंतिम संस्कार की खातिर फाफामऊ ले जाते समय रास्ते में मायके वालों ने रोका और शरीर पर चोट देख भड़क उठे। परिवार के लोगों ने हत्या का आरोप लगाते हुए ससुरालियों से मारपीट कर ली। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद मायकेवालों को किसी तरह समझाकर मऊआइमा थाने की पुलिस ने शव जेठवारा थाने भेज दिया। मायके वालों से कहा गया कि वे जेठवारा जाकर केस दर्ज कराएं। शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने पर मौत की सच्चाई सामने आएगी तो कार्रवाई की जाएगी।
मऊआईमा के उमरिया बादल उर्फ गेंदा में रहने वाले छोटेलाल विश्वकर्मा ने साल भर पहले बेटी अनीता (25) का ब्याह जेठवारा (प्रतापगढ़) के फूलपुर गांव निवासी श्रीराम विश्वकर्मा के पुत्र रविशंकर के साथ किया था। शनिवार भोर में अनीता की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। ससुरालियों ने अनीता के मायके में बताया कि उसे सांप ने डस लिया था। रविवार दिन में करीब 11 बजे ससुराल वाले मिनी बस में अनीता का शव रखकर फाफामऊ गंगा घाट पर अंतिम संस्कार की खातिर ले जा रहे थे तभी रास्ते में मायकेवालों ने बस रोक ली। महिलाओं ने बेटी का चेहरा आखिरी बार देखना चाहा।
मगर शव को देखते ही महिलाएं भड़क उठीं। अनीता की नाक से खून रिसा था। गले और पेट पर भी चोट के निशान दिखे, जबकि बताया गया था कि उसकी मौत सर्प दंश से हुई थी। मायके वालों ने ग्रामीणों की मदद से बस घेरकर शव बाहर उतार लिया। मायके वालों में गुस्सा देख ससुराल पक्ष के ज्यादातर लोग भाग गए। पति, ससुर और मामा को बस में बंधक बना लिया गया। महिलाओं ने अनीता के ससुर श्रीराम को तमाचे भी जड़ दिए। करीब तीन घंटे बाद मऊआइमा थानाध्यक्ष सुनील दुबे वहां पहुंचे और लोगों से बात की। थानाध्यक्ष के बेहद समझाने पर चार घंटे बाद मायके वाले शव को प्रतापगढ़ के जेठवारा थाने ले जाने को राजी हुए ताकि वहां की पुलिस रिपोर्ट लिखकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज सके।