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मेजा में रेल ओवरब्रिज पर मिला बम

Fri, 05 Feb 2016 12:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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इलाहाबाद-मिर्जापुर मार्ग पर मेजा में रेलवे ओवर ब्रिज पर बृहस्पतिवार सुबह पॉलीथीन में बम रखा मिला। बम मिलने की खबर फैली तो इलाके में खलबली मच गई। मौके पर सैकड़ों की भीड़ जुट गई। ओवरब्रिज पर आवागमन रुक गया। मेजा पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने भीड़ को दूर हटा दिया। एसपी यमुनापार के साथ सीओ मेजा भी आ गए।
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बीडीएस और फील्ड यूनिट क ी टीम भी पहुंची। बीडीएस ने पूरी सावधानी के साथ पॉलीथीन खोली तो उसमे में एक बाइक की बैट्री और दो डिवाइस और बारूद था। डिवाइस के तार को बैट्री से नहीं जोड़ा गया था। पुलिस का मानना है कि बैट्री से डिवाइस के तार जुड़े होते तो विस्फोट होने का खतरा था। उसी पॉलीथीन में टेप से चिपकाकर डेढ़ पन्ने का अंग्रेजी में रेलमंत्री को लिखा खत भी था। पुलिस अज्ञात में मुकदमा दर्ज कर बम रखने वाले की तलाश में जुटी है।

शुक्रवार सुबह लगभग साढ़े छह बजे कुछ लोग मेजा रेलवे ओवर ब्रिज से गुजर रहे थे। उनमें से किसी की नजर ओवरब्रिज पर रखे पॉलीथीन पर पड़ी। पॉलीथीन में बम होने की आशंका पर दहशत फैल गई। शोरगुल मचा तो आसपास के गांव के लोग भी आ गए। जानकारी मिलने पर मेजा रोड चौकी प्रभारी मनमोहन मिश्र, इंस्पेक्टर पीएन मिश्र, सीओ मेजा जितेंद्र कुमार दुबे और एसपी यमुनापार पहुंचे। पुलिस ने ओवर ब्रिज पर आवागमन रोक दिया और भीड़ को दूर कर इलाके की घेरेबंदी कर दी। शहर से बीडीएस को मौके पर भेजा गया। बीडीएस प्रभारी स्वामी नाथ सिंह के नेतृत्व में बम की जांच की गई। बम को निष्क्रिय किया गया। जांच में पाया गया कि पॉलीथीन के अंदर बाइक की बैट्री (12वोल्ट), दो छड़नुमा डिवाइस, पटाखों के पैकेट थे।
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डिवाइस, बैट्री और बारूद देखकर लोग हैरान थे। हालांकि राहत वाली बात रही कि डिवाइस के तार को बैट्री से जोड़ा नहीं गया था। वरना विस्फोट होने का खतरा था। उसी पॉलीथीन के अंदर ही टेप से चिपकाकर अंग्रेजी लिखा एक डेढ़ पन्ने का पत्र था। जिसे रेलमंत्री को लिखा गया था। बम डिफ्यूज होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली। मेजा पुलिस ने डिफ्यूज बम के उपकरणों को कब्जे में लेकर जांच के लिए भेज दिया है। इंस्पेक्टर मेजा पीएन मिश्र की तहरीर पर पुलिस रिपोर्ट लिखकर जांच कर रही है।

गौरतलब है कि इससे पहले  20 नवंबर 2015 को मेजा ही में रेलवे क्रासिंग के बगल माइक्रोवेव टावर की चहारदीवारी पर बमनुमा डिवाइस मिलने के बाद अफरातफरी मची थी। इसके साथ एक धमकी पत्र भरा पत्र मिला। इसमें नैनी स्थित एक कंपनी के एमडी से दो करोड़ की मांग की गई थी। ऐसे में सवाल उठता है कि यह किसी सिरफिरे की करतूत है या किसी की साजिश। हाल में 29 जनवरी को महानगरी एक्सप्रेस में बम मिला था। जिसे मानिकपुर में डिफ्यूज किया गया था। रेलमंत्री के नाम एक पत्र भी था। आशंका है कि इस घटना के तार महानगरी एक्सप्रेस मामले से जुड़े हो सकते हैं।
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