कचहरी में छह मजदूर करंट से झुलसे, ई-रिक्शा पर लादकर वकील ले गए बेली अस्पताल
प्रयागराज। कचहरी में बुधवार की दोपहर काम कर रहे छह मजदूर करंट से बुरी तरह से झुलस गए। सूचना देने के बाद भी न एंबुलेंस आई और न ही पुलिस पहुंची। वहां मौजूद वकीलों ने किसी तरह ई-रिक्शे पर लादकर सभी घायलों को बेली अस्पताल पहुंचाया। वहां दो की हालत गंभीर बनी हुई है। उधर, एंबुलेंस के न पहुंचने पर वकीलों में भारी गुस्सा है।
कचहरी में इन दिनों अधिवक्ताओं के चैंबर का निर्माण कराया जा रहा है। बुधवार को मजदूर वहीं काम कर रहे थे। दोपहर बाद काम के दौरान केबल में करंट आ गया। हादसे में हसन अली, अब्बास अली, मूसफ अली, इलियास अली, अबूजर और आजाद अली करंट की चपेट में आ गए। वहीं एक अन्य मजदूर ने देखा तो शोर मचाकर लोगों को बुलाने लगा। इस बीच उसने तौलिया फेंककर मजदूरों को बचाने का भी प्रयास किया। जब तक बिजली काटी गई, तब तक सभी मजदूर अचेत हो गए थे। कचहरी में एक समारोह में मौजूद वकील भी बड़ी संख्या में पहुंच गए, तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी गई। काफी देर हो जाने के बाद जब एंबुलेंस नहीं आई तो वकीलों के सब्र टूटने लगा। वहां मौजूद सिपाहियों और दरोगा को खरी खोटी सुनाकर वकीलों ने ई-रिक्शा में ही मजदूरों को लादा और बेली अस्पताल पहुंच गए। यहां पर हसन और अब्बास की हालत गंभीर थी। करंट की चपेट में आए सभी मजदूर पश्चिम बंगाल के मालदा के रहने वाले हैं। वे यहां रहकर मजदूरी करते हैं। सभी की उम्र 20 से 30 साल के बीच की है। सूचना पर उनके घरवाले भी रोते बिलखते पहुंचे।