prayagraj news : कोरोना टेस्ट करती स्वास्थ्य विभाग की टीम।
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एसीएमओ ने बताया कि ग्रामीण इलाकों में सर्वे अभियान का यह पहला चरण पूरा हो गया है, दूसरे चरण का काम काम मंगलवार यानी 11 अप्रैल से शुरू होगा। इसके लिए भी 4094 आशाओं की टीम लगाई जाएगी। इसमें पहले चरण में छूटे लोगों को चिह्नित किया जाएगा। साथ ही कुछ नए संदिग्ध मरीज होंगे तो वे भी चिह्नित किए जाएंगे। इससे संक्रमण के नियंत्रण में सहायता मिलेगी। जिले में यह अभियान मुख्यमंत्री के आदेश के बाद शुरू किया गया है।
वायरल समझकर की लापरवाही, हुई मौत
कोरोना की दूसरी लहर ग्रामीण इलाकों में दिल्ली, मुंबई, गुजरात जैसे बड़े शहरों से आने वाले लोगों की वजह से फैली है। बहुत से लोग संक्रमित हुए, लेकिन उन्होंने कोरोना की बजाय इसे वायरल फीवर समझा और उपचार न कराने की वजह से संक्रमित हो गए और इसमें से बहुत से लोगों की हालत गंभीर हुई तो वे अस्पताल पहुंचे, लेकिन ऑक्सीजन का स्तर गिरने से उनकी मौत हो गई। ऐसे लोगों की कोरोना की जांच न होने के कारण उन्हें संक्रमण की श्रेणी में भी नहीं रखा गया। कहीं-कहीं एक ही परिवार के दो से तीन लोगों की मौत हो गई।
prayagraj news : बेली हास्पिटल में कोविड की जांच के लिए पहुंचे लोग।
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