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Sawan : त्रिवेणी बांध पर अनंत पार्थिव शिवलिंग निर्माण जारी, वैदिक मंत्रों के साथ अभिषेक और विसर्जन

Fri, 25 Jul 2025 08:38 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

विश्व जन कल्याण, सर्व मनोकामना पूर्ति एवं भूतभवान भगवान शिव को समर्पित अनंत पार्थिव शिवलिंग निर्माण विर्सजन महायज्ञ शुक्रवार को 15वें दिन भी त्रिवेणी बांध पर जारी रहा।
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त्रिवेणी बांध पर पार्थिव शिवलिंग का निर्माण करने के बाद पूजन अभिषेक करते भक्त। - फोटो : अमर उजाला।
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विश्व जन कल्याण, सर्व मनोकामना पूर्ति एवं भूतभवान भगवान शिव को समर्पित अनंत पार्थिव शिवलिंग निर्माण विर्सजन महायज्ञ शुक्रवार को 15वें दिन भी त्रिवेणी बांध पर जारी रहा। यज्ञस्थल पर सनातन एकता मिशन के अध्यक्ष अशोक कुमार पाठक ने सपरिवार मुख्य यजमान के रूप में उपस्थित होकर भूतभावन भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया। यज्ञ संयोजक एवं संस्था के संस्थापक अध्यक्ष श्याम सूरत पांडेय ने कहा की सनातन धर्म में भगवान शिव को सर्वशक्तिमान माना गया है। इनकी तुलना किसी अन्य देवता से नहीं की जा सकती। सृष्टि की रचना करने वाले भगवान विष्णु भी इनकी अराधना करते हैं।

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कहा कि माना जाता है कि संसार पर जब घोर संकट आता है तो सभी देवी देवता भगवान शिव के ही शरण में जाते हैं। शिव ही अविनाशी, सर्वगुणाधार, सर्वज्ञ हैं, जो मंगलमय है वही शिव हैं। धरती पर सुख, समृद्धि व संपन्नता भगवान शिव की ही देन है। कहते हैं जब भगवान विष्णु ने धरती पर प्रभु श्रीराम का अवतार लिया तो उन्होंने शिव जी की ही आराधना की। इसी प्रकार जब भगवान कृष्ण जी धरती पर आए तो उन्होंने भी शिव को ही सर्व व्यापक बतलाया।

संस्था के प्रवक्ता एवं महासचिव सत्य प्रकाश पाण्डेय ने बताया की हिंदू धर्म में सभी देवी देवताओं में भगवान शिव को प्रसन्न करना सबसे आसान भी है और कठिन भी। शिवजी फल, प्रसाद के इतर एक लोटा जल से ही प्रसन्न हो जाते हैं, इसलिए इन्हें भोलेनाथ कहा जाता है। लेकिन पौराणिक कथाओं के अनुसार, ऋषि मुनियों समेत रावण को भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए कड़ा तप करना पड़ा था। शास्त्रों में भी शिव पूजा को बहुत खास माना गया है।
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मान्यता है कि भोलेनाथ प्रसन्न होकर अपने भक्तों की हर मनोकामना को शीघ्र पूरा कर देते हैं। शिव जी की पूजा से कई जन्मों का फल प्राप्त होता है। कन्याएं 16 सोमवार का व्रत रखकर भगवान शिव की अराधना करती हैं तो उन्हें उनकी पसंद के अनुसार शादी के लिए वर मिलता है। श्री पाण्डेय ने समस्त शिवभक्तों से यज्ञ में अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर भगवान शिव के कृपा पात्र बनने की अपील किया।

सम्पूर्ण सावन मास तक अनवरत चलने वाले अनन्त पार्थिव शिवलिंग निर्माण अभिषेक एवं विसर्जन महायज्ञ के आज 15वें दिन के रुद्राभिषेक आरती एवं विसर्जन में मुख्य रूप से अखिल भारतीय तीर्थ पुरोहित महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मधु चकहा, सीता शरण शास्त्री, राजनाथ तिवारी, स्वामी सिद्ध बाबा, अनिल श्रीवास्तव, हौसला प्रसाद मिश्रा, राघवेन्द्र मिश्रा, हरिश्चंद्र दुबे, संजय बनकटा, सत्य प्रकाश पांडेय, आकांक्षा पांडेय, मधुबाला पांडेय, जय प्रकाश पांडेय आदि मौजूद रहे। 

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