ट्यूशन पढ़ाती थी बच्चे को, पिता से की थी डील
पुलिस की विवेचना में यह बात भी सामने आई है कि महिला उस बच्चे को ट्यूशन पढ़ाती थी, जिसका एडमिशन कराने के लिए उसने एक लाख रुपये मांगे थे। इसके अलावा वह कई अन्य बच्चों को भी अपने घर पर ही ट्यूशन पढ़ाती थी। पीएचडी करने के कारण वह अपने नाम के आगे डॉक्टर भी लगाती है। महिला अपने पति से अलग रहती है और उसका तलाक का केस चल रहा है।
पति के नाम पर लिए गए सिम का करती थी इस्तेमाल
विवेचना के दौरान यह बात भी सामने आई कि महिला आईएएस व मंत्री का निजी सचिव बनकर जिस नंबर से पुलिस अफसरों व अन्य लोगों को फोन करती थी, वह उसके पति के नाम पर था। यह सिम उसके पति के नाम पर लिया गया था। यह बात भी सामने आई कि उसने कॉल व मैसेज करने के साथ ईमेल भी की। इसके लिए nidhipandey.ias 1970@ gmail.com नाम से ईमेल आईडी भी बनाई थी। धौंस जमाने के लिए ही उसने ईमेल आईडी में आईएएस भी लिखा था।