शंकरगढ़ में नारीबारी के पास मरीज की मौत के बाद प्रयागराज-चित्रकूट हाईवे जाम करने के मामले में 155 लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले में पांच नामजद व 150 अज्ञात को आरोपी बनाया गया है। पुलिस वीडियो, सीसीटीवी फुटेज से अज्ञात आरोपियों को चिह्नित करने में जुटी है।
रिपोर्ट एसआई आदित्य ने दर्ज कराई है। तहरीर में बताया है कि चंद्रिका प्रसाद प्रजापति निवासी ग्राम चिरांव थाना कोरांव को पथरी के इलाज के लिए मां शारदा अस्पताल नारीबारी में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन 16 मई को हुआ और दोबारा तबीयत खराब होने पर 20 मई को मां शारदा अस्पताल से एसआरएन अस्पताल के लिए रेफर किया गया। वहां इलाज के दौरान 23 मई को उनकी मौत हो गई।
निजी अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए परिजनों शव को प्रयागराज-रीवा राजमार्ग पर अस्पताल के सामने रखकर रास्ता जाम कर दिया। पुलिसकर्मियों के समझाने पर मारपीट की धमकी देकर उनसे भी विवाद किया। आरोप है कि आवागमन बाधित करने वालों में राम प्रसाद प्रजापति, बृजेश कुमार, अनिल प्रजापति, अमरनाथ व कल्लू के अलावा 150 अज्ञात शामिल थे।
आरोपियों ने शाम 04:25 से 04:55 तक करीब आधे घंटे हाईवे जाम किए रखा। इस दौरान एंबुलेंस भी नहीं गुजरने की दी गई। काफी समझाने के बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया। डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। नामजद आरोपियों की तलाश करने के साथ ही अज्ञात को चिह्नित करने का प्रयास किया जा रहा है।