कालाबाजारी और घटतौली के आरोपी सरकारी दुकान के चार कोटेदारों के खिलाफ एफआईआर लिखाई गई है। इनका कोटा भी निलंबित कर दिया गया है। इनके अलावा कई अन्य कोटेदारों के खिलाफ कार्रवाई की गई तथा स्पष्टीकरण मांगा गया है। इनसे संबंधित कार्डधारकों को नजदीक की दुकान से संबद्ध कर दिया गया है।
फूलपुर के एसडीएम विवेक चतुर्वेदी ने रविवार को भदकार गांव के कंट्रोल पर भी भारी अनियमितता पकड़ी। वहां खाद्यान्न का स्टाक खत्म हो गया था। जबकि, कार्डधारकों को अनाज का वितरण नहीं हुआ था। ऐसे में कालाबाजारी के आरोप में कोटेदारा सुनीता देवी के खिलाफ एफआईआर लिखाई गई है। उनका कोटा भी निरस्त कर दिया गया है। फूलपुर के ही झूंसी कोहना की कोटेदार प्रतिभा अग्रवाल का भी कोटा निरस्त कर दिया गया है। इसके अलावा सराय शकीत और चक हरिहर वन के कोटेदार से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इसी तरह से मेजा तहसील के पूर्ति निरीक्षक अभिषेक तिवारी ने बरहा कला गांव के विक्रेता फूलचंद पटेल के खिलाफ एफआईआर लिखाई है और कोटा निरस्त कर दिया है। यहां भी कालाबाजारी तथा घटतौती की शिकायत है। बारा के आपूर्ति निरीक्षक विनोद अग्रहरी ने झंझरा गांव के कोटेदार गुलजार तथा इसी तहसील के मवाइया पहलवान गांव के विक्रेता सुशील कुमार के विरूद्ध भी एफआईआर लिखाई गई है। सभी पर राशन कालाबाजारी तथा घटतौली का आरोप है। तहसील स्तर पर ही जांच बैठाई गई है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।