हाईकोर्ट के आदेश पर बुधवार को लालगोपालगंज कस्बे में जेठवारा मार्ग के दोनों ओर सरकारी जमीन पर काबिज अतिक्रमणकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इस दौरान बुलडोजर से अतिक्रमण हटवाया गया। अंधेरा होने की वजह से बुधवार की कार्रवाई रोककर एसडीएम सोरांव ज्ञानेंद्र नाथ ने बृहस्पतिवार को पुन: कार्रवाई करने की बात कही है।
बुधवार सुबह करीब 10 बजे ही एसीपी सोरांव श्यामजीत प्रमिला सिंह, अधिशासी अधिकारी पद्मजा मिश्रा व इंस्पेक्टर नवाबगंज राघवेंद्र सिंह भारी पुलिस बल व पीएसी के जवानों के साथ मौके पर पहुंचे थे। दोपहर दो बजे एसडीएम के आने के बाद अतिक्रमण हटाना शुरू हुआ। नगर पंचायत प्रशासन द्वारा मंगाई गई दो जेसीबी मशीनों ने पुलिस बूथ तिराहा से अतिक्रमण हटाना शुरू किया। लगभग आधा किलोमीटर के दायरे में सड़क के दोनों ओर से अतिक्रमण हटवाया गया।
इस दौरान अधिकारियों को कई स्थानों पर व्यापारियों के विरोध का भी सामना करना पड़ा, लेकिन पुलिस की सख्ती के आगे सब बेबस नजर आए। हटाए गए अधिकांश अतिक्रमण अस्थायी थे।
- गुमटी को सबसे अधिक नुकसान
अतिक्रमण हटाओ अभियान की सबसे ज्यादा गाज छोटे दुकानदारों पर गिरी। पुलिस बूथ तिराहा के दोनों ओर बड़ी संख्या में लोगों ने गुमटी लगाकर दुकानें सजा रखी थीं। इनमें से कई दुकानें सड़क के मध्य से 40 फीट के दायरे में थीं, जबकि कई दुकानदारों ने वेंडिंग जोन में गुमटियां जमा ली थीं। अभियान के दौरान दो दर्जन से अधिक गुमटियों को ध्वस्त किया गया। इनमें कपड़ा, जूते-चप्पल और जनरल स्टोर की दुकानें शामिल थीं।
- एक-दूसरे से भिड़े दुकानदार
बुधवार को कार्रवाई के दौरान कस्बे में दो प्रतिष्ठित दुकानदार आपस में ही भिड़ गए। वह अपनी दुकान बचाने के बजाय एक-दूसरे की दुकान से अतिक्रमण हटवाने की जिद पर अड़े थे। गौरतलब है कि दोनों ही दुकानदारों की दुकानें करीब 4-4 फीट अतिक्रमण की जद में आ रही थीं। पड़ोसी का नुकसान कराने की होड़ में दोनों के बीच हुई नोकझोंक चर्चा का विषय रही।
भीड़ हटाने को पुलिस ने पटकीं लाठियां
अतिक्रमण हटाने के दौरान पुलिस ने हनुमान चौराहा और पुलिस बूथ तिराहा पर बैरिकेडिंग कर वाहनों का आवागमन पूरी तरह रोक दिया था। कार्रवाई देखने के लिए मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। उन्हें हटाने के लिए पुलिस को जमीन पर लाठियां पटकनी पड़ीं। इसके बाद भीड़ तितर-बितर हुई।