तीन दिन बाद मंगलवार को बैंक खुले तो कैश की कमी से जूझ रहे शहरियों की मुसीबत में इजाफा ही हुआ। एडीए की ओर से सुभाष चौराहे पर की गई खोदाई से बीएसएनएल की केबल ही कट गई। इसका नतीजा यह रहा कि आधे शहर की बैंकिंग सेवा अचानक ठप हो गई। सबसे ज्यादा प्रभावित एसबीआई की शाखाएं ही रहीं। बताया जाता है कि खोदाई बिना सूचना के की गई थी। इस काम में मनमानी इस कदर की गई कि केबल बॉक्स निकाल कर सड़क पर रख दिया गया।
इधर बैंकिंग सेवा ठप पड़ जाने से दिन भर लोग बेहद परेशान रहे। लाइन में लगकर पूरा दिन गुजार दिया। यह भी तय नहीं था कि कैश मिलेगा भी कि नहीं। केबल कटने का असर शहर के 70 से अधिक बैंकों और एटीएम पर पड़ा। एसबीआई की 58 शाखाएं प्रभावित रहीं। जब पता चला तो आनन-फानन में मरम्मत का काम शुरू हुआ। शाम पांच बजे के बाद बीएसएनएल की ओर से एक केबल जोड़ी गई। इसके बाद काम जरूर शुरू हुआ लेकिन आम लोगों को कोई फर्क नहीं पड़ा। कुछ लोगों को ही पैसा मिल सका। बाकी निराश होकर घर लौट गए।
इस मामले में बीएसएनएल के महाप्रबंधक (जीएम) मदन मोहन अग्निहोत्री ने बताया कि बिना सूचना सड़क खोदी गई। सोमवार रात 2.30 से 3 बजे के बीच मनमाने तरीके से केबल काटकर उसके ऊपर से मोटी पाइप डाल दी गई। उसके बाद से ही नेटवर्किंग खत्म हो गई। उन्होंने बताया कि एडीए की मनमानी की सूचना उन्होंने मंडलायुक्त और जिलाधिकारी को दे दी है।
केबल की मरम्मत में लगना पड़ा जीएम को
परेशानी को देखते हुए बीएसएनएल के जीएम मदन मोहन अग्निहोत्री दिनभर सुभाष चौराहे पर खड़े होकर कटी केबल ठीक कराने में लगे रहे। बताया कि दूसरी केबल खोजने के लिए बीएसएनएल के कर्मचारी लगे हैं, इसे भी जल्द ठीक कर दिया जाएगा।