उमेश की तस्वीर का इंतजाम करने के लिए भी कहा
अली ने जेल से मैसेज भेजवाया था कि उमेश की लोकेशन और उसकी तस्वीरों का इंतजाम किया जाए। फिर इसे असद को दिया जाए। इसके बाद सौलत ने उमेश के फेसबुक अकाउंट से यह तस्वीरें निकाली थीं और फिर इसे आईफोन से असद के पास भेजा था। यह वही आईफोन है, जिसे पहली बार कस्टडी रिमांड पर लेने के दौरान धूमनगंज पुलिस को सौलत ने बरामद कराया था।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि सौलत ने इससे संबंधित कुछ व्हाट्सएप चैट भी पुलिस को बरामद कराए हैं। जिससे साफ है कि उमेश पाल हत्याकांड की साजिश में अली भी शामिल था। सूत्रों का यह भी कहना है कि पुलिस जल्द ही उसे आरोपी बना सकती है।