पश्चिमी हवाओं एवं पहाड़ों पर बर्फबारी की वजह से एक जनवरी से ही कोहरे एवं ठंड ने पूरे क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लिया है। वहीं कोल्ड वेब की वजह से बृहस्पतिवार को तापमान में अचानक गिरावट दर्ज की गई।
हवाएं चलने की वजह से हाड़ कपा देने वाली इस ठंड का अहसास बुधवार की रात से ही होने लगा था और भोर में पारा पांच डिग्री के करीब पहुंच गया। खास यह कि सुबह 10 बजे भी तापमान आठ डिग्री के आसपास रहा। हालांकि, दिन का अधिकतम तापमान कुछ देर के लिए 11 डिग्री जरूर पहुंचा, लेकिन पारा फिर नीचे गिरने लगा।
दिन भर घना कोहरा रहा। ऐसे में दिन और रात के तापमान में अंतर कम होने की वजह से गलन और बढ़ गई तथा जिन्हें जरूरी था वे ही घरों से बाहर निकले। सरकारी दफ्तरों में ब्लोअर चालू थे तो जगह-जगह लोग अलाव के पास घेरा बनाकर बैठे दिखे।
जनवरी में गिनती के दिनों में पांच डिग्री से नीचे गया तापमान
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार 2010 के बाद से पांच डिग्री से नीचे तापमान गिनती के दिनों में ही रहा। हालांकि, 2013 में आठ जनवरी को तापमान माइनस 0.3 डिग्री तक पहुंच गया था।
100 फीसदी नमी से बढ़ाई गलन
बृहस्पतिवार को अधिकतम नमी 100 फीसदी रही। न्यूनतम आद्रता भी 97 फीसदी रही। इसकी वजह से गलन और बढ़ गई और लोग ठिठुरते रहे।