बहरिया में ब्लॉक प्रमुखी लेकर भाजपा नेताओं के बीच तलवार खींच गई है। अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा से पहले ही योगेश पांडेय ने ब्लॉक प्रमुख पद से इस्तीफा दे दिया, जिसे स्वीकार भी कर लिया गया। हालांकि, दोबारा चुनाव में उन्होंने पूरे दमखम से दावेदारी की बात कही है।
योगेश का परिवार भाजपा से लंबे समय से जुड़ा रहा है। भाई कुलदीप पांडेय बहरिया के ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं। हालांकि, कुलदीप ने निर्दलीय चुनाव जीता था। पिछले चुनाव में कुलदीप के भाई योगेश पांडेय ने भाजपा के समर्थन से दावेदारी की मांग की लेकिन पार्टी ने कुछ समय पहले ही भाजपा में आए शशांक मिश्रा को प्रत्याशी बनाया। इसके बाद योगेश ने निर्दलीय चुनाव लड़ा और जीत गए। इसके बाद भाजपा में भी योगेश को स्वीकार कर लिया गया।