इस दौरान साथ में रहे पुलिसकर्मी भाग खड़े हुए। गोलियां लगने से अतीक व अशरफ लहूलुहान होकर गिर पड़े। एक सिपाही भी घायल हो गया। बाद में दोनों को आनन-फानन में स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मौके से तीन पिस्टल व छह खोखे मिले हैं। घटना की सूचना पर सभी थानों की पुलिस को अलर्ट कर दिया गया। गौरतलब है कि उमेश पाल अपहरण कांड में एमपीएमएलए अदालत ने अतीक को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। अतीक अहमद पर सौ से अधिक मुकदमे हैं।
तीनों आरोपियों के सरेंडर करने की चर्चा
बताया जा रहा है तीनों बदमाशों ने हत्याकांड को अंजाम देने के बाद धार्मिक नारे भी लगाए और पिस्टल फेंक कर सरेंडर कर दिया। घायल सिपाही धूमनगंज थाने में तैनात मानसिंह है। उसके हाथ में छर्रे लगे हैं।