करेली में करीब सवा साल पहले हुई रवि पासी की हत्या के आरोपी उसके परिजनों को मुकदमा वापस लेने को धमका रहे हैं। आरोपी कभी घर में घुसकर धमका रहे हैं तो कभी जेल से फोन आ रहा है। रवि की बहन ने इस मामले में अतीक के सात गुर्गों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
करेली में रवि पासी की हत्या 28 दिसंबर 2017 को हुई थी। इस मामले में अतीक के गुर्गे जुल्फिकार अली उर्फ तोता, सलमान और अलताफ तथा उनके साथियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। बाद में विवेचना में मसरूर अहमद, दिलशाद, आफताब, मो. आमिर उर्फ भुट्टो बेली व राशिद का नाम भी प्रकाश में आया था।
सभी को जेल भेजा गया था। रवि की बहन प्रीती ने करेली थाने में तहरीर दी है कि मसरूर, दिलशाद, आफताब, मो. आमिर उर्फ भुट्टो बेली व राशिद जमानत पर छूट गए हैं। बाहर आने के बाद से वे लगातार रवि की पत्नी सीमा को मुकदमा वापस लेने के लिए धमका रहे हैं। बीते आठ मई को सीमा के मोबाइल पर जुल्फिकार तोता ने नैनी जेल से फोन कर धमकाया था। उसने कहा था कि जेल में आओ। अतीक अहमद तुम्हें समझाएंगे।
अगर नहीं समझ में आया तो फिर दूसरा उपाय किया जाएगा। इससे पहले 13 अप्रैल को भुट्टो बेली, कुराम रसूल, आशिफ दुर्रानी, दिलशाद और आफताब घर पहुंच गए था सीधे कहा था कि अगर मुकदमा वापस न लिया तो पूरे परिवार को मार दिया जाएगा। प्रीती ने तहरीर दी थी कि पुलिस ने अगर एक्शन नहीं लिया तो भाई की हत्या के आरोपी उसे और भाभी सीमा को मार देंगे। एसओ करेली विनोद कुमार ने बताया कि प्रीती की तहरीर पर आमिर भुट्टो, कुराम, आशिफ, दिलशाद, आफताब और जुल्फिकार तोता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई।