Assistant statistics officer's result, uppsc
जवाब तलब, पद रिक्त होने के बावजूद साक्षात्कार में फेल करने का आरोप
प्रयागराज। लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सहायक सांख्यिकी अधिकारी के सात सितंबर को जारी अंतिम चयन परिणाम को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है। इस मामले को लेकर दाखिल याचिका में कहा गया है कि 373 पदों के सापेक्ष सिर्फ 116 का चयन किया गया जबकि, याचीगण सफल अभ्यर्थी हैं और साक्षात्कार में शामिल हुए हैं। नागेश्वर चंद्र और अन्य की याचिकाओं पर न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र ने आयोग से एक अक्तूबर तक जवाब मांगा है।
याची के अधिवक्ता सीमांत सिंह का कहना था कि मार्च 2017 में 373 सहायक सांख्यिकी अधिकारियों के चयन हेतु विज्ञापन निकाला गया। 11 नवंबर 2018 को स्क्रीनिंग परीक्षा हुई। इसमें जनरल और ओबीसी के लिए 40 जबकि, एससीएसटी के लिए 30 प्रतिशत अंक पाना अनिवार्य था। स्क्रीनिंग में 1261 अभ्यर्थी चयनित किए गए, जिनको प्रमाणपत्रों के सत्यापन हेतु बुलाया गया। सत्यापन का कार्य 16 मई 2019 से तीन जून 2019 तक चला। दस्तावेज सत्यापन में 803 अभ्यर्थी मान्य दस्तावेज नहीं होने के कारण बाहर कर दिए गए।
340 अभ्यर्थियों को साक्षात्कार हेतु बुलाया गया। जिसमें से साक्षात्कार के 304 पहुंचे। साक्षात्कार 22 से 30 अगस्त 2019 तक चला। सात सितंबर 2019 को अंतिम परिणाम घोषित किया गया। कुल 116 का चयन किया गया। याचीगण का कहना है कि चयन प्रक्रिया 2012 की नियमावली के तहत आयोजित की गई। जिसमें साक्षात्कार में न्यूनतम अंक प्राप्त करने की बाध्यता नहीं है। इसके बावजूद साक्षात्कार में शामिल अभ्यर्थियों को चयनित नहीं किया गया जबकि, पद रिक्त हैं।