जार्जटाउन के अल्लापुर में सचिन सोनकर हत्याकांड का एक आरोपी साजन पासी बृहस्पतिवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। उससे पूछताछ में पता चला है कि हत्या मेें नामजद पांच आरोपियों के अलावा चार अन्य लोग भी शामिल थे। पुलिस का कहना है कि मुख्य आरोपी के साथ उनकी भी तलाश शुरू कर दी गई है।
अल्लापुर में 18 जुलाई की रात सचिन सोनकर निवासी किदवई नगर की हत्या कर दी गई थी। मामले में बच्चा पासी, रजत पासी, नितेश पासी, मुकेश सोनी, साजन पर नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई, जिसमें से रजत दो दिन पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था। बृहस्पतिवार को एक अन्य आरोपी साजन पासी पुत्र बेदी निवासी कुम्हारगढ़वा हादीगंज, अल्लापुर को बाघंबरी रोड रेलवे डॉट पुल से गिरफ्तार किया गया। उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा व खोखा भी बरामद कर लिया गया जो आरोपी ने अपने घर के पास स्थित अर्धनिर्मित मकान में छिपाकर रखा था।
तीन गोलियां मारी गईं थीं
सूत्रों की मानें तो पूछताछ में साजन ने पुलिस को बताया कि हत्या में कुल नौ लोग शामिल थे। सचिन को तीन गोलियां मारी गई थीं और इसके बाद उस पर चापड़ से वार किया गया था। पहली गोली मुख्य आरोपी बच्चा ने चलाई थी। इसके बाद नितेश और फिर उसने खुद फायर झोंका था। सूत्रों की मानें तो आरोपी ने अपने बयान में यह भी कहा कि सचिन से उसे व उसके साथियों को जान का खतरा था।
दो लोग बुलाकर ले गए थे घर से
पुलिस के मुताबिक, साजन ने पूछताछ में बताया है कि मृतक सचिन को दो लोग घर से बुलाकर घटनास्थल तक ले आए थे। इनमें रजत के अलावा आयुष शुक्ला भी शामिल था। घटना वाली रात नौ बजे के करीब दोनों को लालच देकर सचिन को बुलाने के लिए भेजा। इसके बाद खुशी डेरी के पास नामजद आरोपी बच्चा, मुकेश सोनी, नितेश पासी के साथ खुद उसके आने का इंतजार करने लगे। उसने बताया कि मुकेश पासी, वांटेड पुत्र इन्द्रपाल उर्फ पप्पू उर्फ बौना व मोन्टू पासी पुत्र बांके लाल भी वहां मौजूद थे। आते ही सचिन ने कहासुनी शुरू कर दी, जिस पर पहले बच्चा और फिर नितेश ने उसे गोली मार दी। इसके बाद एक फायर उसने किया। जिसके बाद मुकेश सोनी ने सचिन पर चापड़ से हमला किया। इंस्पेक्टर जार्जटाउन सुनील कुमार सिंह ने बताया कि नामजद के अलावा चार अन्य आरोपियों के भी नाम सामने आए हैं। मुख्य अरोपी समेत अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।
अधिवक्ता पर फायरिंग में भी था शामिल
पुलिस ने बताया कि पूछताछ में आरोपी साजन ने बताया है कि 13 अगस्त को डड़िया चौराहे पर वाराणसी में तैनात दरोगा के बेटे अधिवक्ता मनोज तिवारी पर फायरिंग की घटना में भी वह शामिल था। उस वारदात में बच्चा व उसके अलावा मुकेश पासी भी शामिल था।