इलाहाबाद। दुर्गा पूजनोत्सव के तहत रविवार को ढाक की मंगलध्वनि के बीच पूजा पंडालों में ऊषा आरती, फिर महाअष्टमी पूजा की गई। मंत्रोच्चार के बीच शाम को 48 मिनट की संधि पूजा की गई। महिषासुर मर्दिनी देवी दुर्गा के जयकारे लगे तो धुनूची और ढाक की थाप पर भी लोगों ने नृत्य किया। पूजा पंडालों में आधी रात के बाद तक श्रद्धालुओं के आने का क्रम जारी रहा।
संधि पूजा के 48 मिनटों में 24 मिनट अष्टमी और 24 मिनट नवमी तिथि के शामिल थे। मान्यता है कि देवी दुर्गा ने इसी कालावधि में महिषासुर का वध किया था। इस दौरान देवी को 108 कमल के फूलों की माला अर्पित की गई और 108 दीप जलाए गए। इसके पहले पुष्पांजलि, भोग, संध्या आरती, सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए।
दरभंगा कालोनी बारवारी, करेलाबाग बारवारी, अतरसुइया दुर्गापूजा बारवारी, लूकरगंज बारवारी, नेतानगर कीडगंज, जार्जटाउन बारवारी, सार्वजनिन पूजा कमेटी कालिंदीपुरम, रामानंद नगर बी.एच.एस. दुर्गा पूजा कमेटी भारद्वाज पुरम, बाई का बाग, शास्त्रीनगर, टैगोरटाउन बारबारी, साउथ मलाका, शाहगंज, सुलेम सराय सार्वजनिन दुर्गा पूजा कमेटी, प्रीतम नगर सुलेमसराय आदि पूजा पंडालों में उषा आरती, महाअष्टमी पूजा, भोग, संधि पूजा हुई। ढाक की मंगलध्वनि के बीच अनेक अनुष्ठान हुए।
जयश्री को राजभाषा गौरव अवार्ड
सिविल लाइंस दुर्गा पूजा कमेटी की ओर से प्रेसीडेंट अवार्ड से सम्मानित जयश्री घोष को राजभाषा गौरव अवार्ड से भी नवाजा गया। अध्यक्ष अमिताभ घोष, मुख्य सलाहकार डा.राधारानी घोष ने उन्हें सम्मानित किया। कार्यक्रम में अभिजीत भट्टाचार्य, असीम घोष आदि मौजूद थे। सोमवार को धुनूची डांस प्रतियोगिता होगी।
रामकृष्ण मिशन मठ में पूजीं गई देवी दुर्गा
मुट्ठीगंज स्थित रामकृष्ण मिशन मठ में रविवार को महाअष्टमी पर सचिव स्वामी सर्वभूतानंद की देखरेख में विशेष पूजा, अनुष्ठान हुए। भोग आरती के बाद मंत्रों के साथ पुष्पांजलि अर्पित की गई। शाम को महाआरती के बाद महिषासुर मर्दिनी स्त्रोत, काली कीर्तन, श्यामा संगीत की प्रस्तुतियां हुई। कार्यक्रम में स्वामी सुहृदयानंद, भक्ति रसानंद समेत मिशन से जुड़े लोग उपस्थित रहे।