रेलवे ने जनरल टिकट लेने वाले यात्रियों के लिए नियम कड़े कर दिए हैं। अब रेलवे के जनरल टिकट काउंटर से लेने के बाद संबंधित यात्री को तीन घंटे के अंदर अपनी यात्रा शुरू करनी होगी। टिकट जारी होने के तीन घंटे के अंदर यदि यात्री ने यात्रा नहीं की तो मुसाफिर को बेटिकट मान लिया जाएगा। इस संबंध में रेलवे बोर्ड ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। रेलवे की यह व्यवस्था एक मार्च 2016 से लागू हो जाएगी। यह व्यवस्था 199 किलोमीटर तक की दूरी करने वाले टिकट पर ही लागू होगी।
बहुत से ऐसे यात्री भी हैं जो जनरल टिकट का काफी दुरुपयोग करते हैं। आसपास की दूरी का सफर पूरा करने के बाद यात्री अपने स्टेशन पर लौट आने के बाद यूज किया हुआ टिकट दूसरे यात्रियों को बेच देते थे। इस वजह से रेलवे को काफी नुकसान झेलना पड़ता था। इसी तरह के फर्जीवाड़े को रोकने के लिए रेलवे ने नई व्यवस्था के तहत अब जनरल टिकटों को समय सीमा के साथ जारी करने का निर्णय लिया है। इसके तहत जनरल टिकट गंतव्य के लिए पहली ट्रेन छूटने तक या टिकट जारी होेने के तीन घंटे तक ही वैध रहेंगे।
रेलवे बोर्ड ने इस संबंध में सेंटर फॉर रेलवे इंफार्मेशन सिस्टम (क्रिस) को सॉफ्टवेयर में मॉडिफिकेशन करने के लिए निर्देश दे दिए हैं। इसके तहत जनरल टिकट पर टाइम बाउंडेशन से संबंधित मैसेज का उल्लेख भी होगा। इसके अलावा यात्रियों को 199 किलोमीटर तक का सफर करने पर अप-डाउन का टिकट भी नहीं दिया जाएगा। ऐसा इसलिए क्योंकि यात्री आसपास के स्टेशन के अप-डाउन टिकट लेकर पूरे दिन यात्रा के एक से ज्यादा अवसर उठा लेते हैं। रेलवे बोर्ड के डायरेक्टर पैसेंजर मार्केटिंग विक्रम सिंह की ओर से जारी नोटिफिकेशन के अनुसार 199 किलोमीटर तक का अनारक्षित टिकट सिर्फ तीन घंटे एवं पहली ट्रेन गंतव्य स्टेशन के समय तक वैध रहेगा।