यूपी बोर्ड की ओर से शुक्रवार को हुई हाईस्कूल विज्ञान एवं इंटरमीडिएट भौतिकी दूसरे प्रश्नपत्र की परीक्षा में जमकर नकल हुई। परीक्षार्थियों से नकल के नाम पर वसूली के साथ ही मारपीट की भी सूचना है। हाईस्कूल परीक्षा में विज्ञान केप्रश्नपत्र को हल करने के लिए बड़ी संख्या में सॉल्वर बुक किए गए थे। केंद्र व्यवस्थापकों ने परीक्षार्थियों से नकल के लिए पैसा नहीं देने पर मारपीट भी की। करछना के एक परीक्षा केंद्र पर नकल के लिए पैसा नहीं देने पर परीक्षार्थी से मारपीट करने वाले एक केंद्र व्यवस्थापक एवं कक्ष निरीक्षक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करवाई गई है।
यूपी बोर्ड और शासन की ओर से नकल रोकने के लिए बड़े दावे के बाद भी नकल रोकने की सारी कोशिश नाकाम हो रही हैं। प्रदेश भर से नकल की लगातार सूचना मिल रही है। विज्ञान की परीक्षा में गंगापार-यमुनापार के परीक्षा केंद्रों पर केंद्र व्यस्थापकों की ओर से परीक्षार्थियों को साल्व कॉपी उपलब्ध कराई जा रही थी। यही हाल दूसरी पाली में भौतिकी दूसरे प्रश्नपत्र की परीक्षा में दिखाई पड़ा। केंद्र व्यवस्थापकों ने इसके बदले परीक्षार्थियों एवं अभिभावकों से मोटी वसूली की है। शासन की ओर से लगातार निर्देश के बाद भी परीक्षा केंद्रों पर सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं स्टेटिक मजिस्ट्रेट दिखाई नहीं पड़ रहे हैं। इसी कारण से परीक्षार्थी-अभिभावक परेशान हैं। उनसे पैसा मांगा जा रहा है।
केंद्र व्यवस्थापकों ने तय किया नकल का रेट
केंद्र व्यवस्थापकों ने हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए परीक्षार्थियों केलिए रेट तय कर दिया है। केंद्र व्यवस्थापकों ने बिना किसी सुविधा के नकल करने वाले छात्रों के लिए तीन हजार रुपये का रेट तय किया है। छात्रों ने इस बात की शिकायत अमर उजाला संवाददाता से की है। झलवा के सीपी गौतम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नैनी के एसबी पाल इंटर कॉलेज, मेजा के महादेवी इंटर कॉलेज सहित कई परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थियों से मनमानी वसूली की शिकायत मिल रही है।
केंद्र व्यवस्थापकों की ओर से तय रेट
- बिना किसी सुविधा के तय रेट- तीन हजार
- कॉपी लिखवाने का रेट- 10 हजार
- दूसरे परीक्षार्थी से कॉपी लिखवाने का रेट- छह हजार
- साल्व कॉपी उपलब्ध कराने का रेट- पांच हजार