इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाईकोर्ट सहित प्रदेश की अधीनस्थ अदालतों, अधिकरणों, न्यायिक संस्थाओं द्वारा पारित सभी अंतरिम आदेश जो इस दौरान समाप्त होने वाले हैं, को 31 जुलाई तक बढ़ा दिया है। इसी तरह जमानत के आदेश, ध्वस्तीकरण व बेदखली पर रोक के आदेशों की भी अवधि 31 जुलाई तक बढ़ा दी गई है।
यह आदेश मुख्य न्यायमूर्ति गोविंद माथुर तथा न्यायमूर्ति एसडी सिंह की खंडपीठ ने स्वत: कायम जनहित याचिका पर दिया है। कोर्ट ने आठ जून 20, 19 जून 20 व 10 जुलाई 20 को पारित आदेशों को आगे जारी रखते हुए यह आदेश दिया है। कोर्ट ने कहा था कि केंद्र सरकार के अनलॉक में काफी छूट दी है। इसके बावजूद लिंक अदालतें व हाट स्पाट एरिया की अदालतों मे काम नहीं हो पा रहा है।
ऐसी स्थिति में इस अवधि में समाप्त होने वाले आदेश की अवधि बढ़ाई गई है। कोर्ट ने कहा था कि जो अंतरिम आदेश कोर्ट के अगले आदेश पर निर्भर हैं वे यथावत रहेंगे। इस आदेश का उन पर कोई प्रभाव नहीं पडे़गा। याचिका की अगली सुनवाई 29 जुलाई को होगी। कोर्ट ने आदेश की प्रति आफीशियल वेबसाइट पर डालने एवं आदेश कापी सभी अदालतों, अधिकरणों, महाधिवक्ता, अपर सॉलिसिटर जनरल, सहायक सॉलिसिटर जनरल , राज्य लोक अभियोजक व अध्यक्ष उ.प्र. बार काउंसिल को भेजने को कहा है।