दोनों तालाब में फंसे हाथ हिला रहे थे
स्थानीय निवासी अजीत यादव पेशे से वाटर प्रूफिंग का काम करते हैं। परिवार में मां आशा और दो बड़े भाई राहुल और रोहित हैं। पिता बसंत लाल यादव की मौत काफी पहले हो चुकी है। जब विमान लैंड हुआ, तो अजीत अपने घर की छत पर मौजूद थे। ऐसे में वह भागकर तालाब के किनारे पहुंचे। जहां पर उन्होंने देखा कि दो लोग पैराशूट से तालाब में उतरे और हाथ हिलाकर बचाने के लिए कह रहे हैं। जिसके बाद अजीत यादव ने बिना देर किये, तालाब में छलांग लगा दी। अजीत का कहना है कि उन्हें सिर्फ दोनों को तालाब से बाहर निकालने के सिवाय और कुछ याद नहीं है।