समाजवादी पार्टी के जिला पंचायत सदस्यों ने सोमवार को जिला पंचायत सभागार में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में शपथ लेने के बाद सदन की बैठक का बहिष्कार कर दिया। सपा समर्थित जिला पंचायत सदस्य पंचायत कार्यालय परिसर से नारेबाजी करते हुए बाहर निकल आए। सदस्यों ने आरोप लगाया कि जिला पंचायत में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह पंचायत का न होकर भाजपा का कार्यक्रम बन कर रह गया।
सपा से जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव लड़ चुकी मालती यादव एवं अन्य सदस्यों ने सोमवार को शपथ ली। इस दौरान पंचायत सभागार में पंचायत अध्यक्ष डा. वीके सिंह ने भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष लक्ष्मण आचार्य से आर्शीवचन देने का आग्रह किया। लक्ष्मण आचार्य ने जैसे ही माइक हाथ में लिया, वहां सदन में बैठे सपा समर्थित सदस्य एक-एक करके उठने लगे। सबसे पहले मालती यादव बाहर निकली। उनके पीछे-पीछे अन्य सदस्य भी उठकर बाहर आ गए। पंचायत परिसर में ही सपाइयों ने अखिलेश यादव जिंदाबाद के नारे लगाए।
सपाइयों ने भाजपा के खिलाफ भी नारेबाजी की। इस दौरान जिला प्रशासन और पुलिस के अफसरों ने किसी तरह से सपाइयों को समझा बुझाकर शांत किया। इसके बाद सपाई जार्जटाउन स्थित पार्टी कार्यालय पहुंचे। सपा कार्यालय में मालती यादव ने कहा कि भाजपा ने धन, बल और छल के सहारे कुर्सी तो हासिल कर ली, लेकिन एक वर्ष के भीतर ही जिला पंचायत अध्यक्ष को अपनी कुर्सी से बेदखल होना पड़ेगा।
कहा कि उनका कार्यकाल एक वर्ष से अधिक नहीं है। प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनते ही अविश्वास प्रस्ताव लाकर डा. वीके सिंह को हटा दिया जाएगा। मालती ने कहा कि भाजपा की जन विरोधी नीतियों का विरोध जारी रहेगा। सपा के पास अब भी 45 से अधिक सदस्यों का समर्थन है। इस दौरान जिला कार्यालय में जिलाध्यक्ष योगेश चंद्र यादव, संदीप सिंह पटेल, राम मिलन यादव, अल्पना यादव, सुरेश यादव, उत्तम यादव, खिन्नी लाल पासी, सुमन कोल, सरिता, अंजलि, शिवा कांत, बृजेश यादव, जय शंकर भारती, धर्मेंद्र सरोज आदि मौजूद रहे।