उड़ाका दलों ने जिन 55 को नकल करते पकड़ा, उनकी संबंधित प्रश्न पत्र की परीक्षा निरस्त करते हुए उन्हें डिबार किया जाएगा। वहीं, राज्य विवि ने पांच जनवरी को परीक्षा समाप्त होने के बाद कॉपियों के मूल्यांकन के दौरान भी नकल पर निगरानी की व्यवस्था की है। जिस परीक्षा केंद्र के अभ्यर्थियों की कॉपियों में एकरूपता पाई जाएगी, उसे सामूहिक नकल की श्रेणी में रखा जाएगा।
इसके अलावा परीक्षा के दौरान सीसीटीवी कैमरों से निगरानी के दौरान भी सामूहिक नकल पर नजर रखी जा रही है। अगर किसी केंद्र पर सामूहिक नकल की आशंका पाई जाती है तो उसे चिह्नित कर उसकी कॉपियों का अलग से मूल्यांकन कराया जाएगा, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि वहां सामूहिक नकल हुई या नहीं। यदि सामूहिक नकल की पुष्टि होती है तो संबंधित केंद्र को तीन साल के लिए डिबार किया जाएगा।