उदईपुर गांव में नहर के पास शुक्रवार को रामगढ़ कोठारी निवासी अधिवक्ता की बाइक को नीलगाय ने टक्कर मार दी। जिससे वह बुरी तरह जख्मी होकर सड़क पर गिर पड़े। गंभीर हालत में उन्हें स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद अधिवक्ता का शव गांव पहुंचा तो परिजन बेसुध हो गए।
रामगढ़ कोठारी निवासी कृष्णानंद यादव (55) जिला न्यायालय में वकालत करते थे। शुक्रवार को वह ग्राम न्यायालय फूलपुर आए हुए थे। वहां से मुकदमे की पैरवी करने के बाद बाइक से घर जा रहे थे। उदईपुर गांव के सामने नहर की पटरी पर पहुंचने पर नीलगाय ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। कृष्णानंद सड़क पर गिर पड़े।
किसी ने उनके घर पर सूचना दी। परिजन घटनास्थल पर पहुंचे और उन्हें फूलपुर स्थित नर्सिंग होम में ले गए। लेकिन, हालत गंभीर होने पर वहां से एसआरएन प्रयागराज ले गए। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। देर शाम उनका अंतिम संस्कार गंगा घाट पर किया गया। पत्नी माधुरी देवी, उनकी तीन बेटियों और दो बेटों का रो-रोकर बुरा हाल है। बेटियों की शादी हो चुकी है। बेटे अभी छोटे हैं ।
हेलमेट न उतारते तो शायद बच जाती जान
लोगों ने बताया कि अधिवक्ता कृष्णानंद यादव ने गांव के समीप रुककर सड़क के किनारे सब्जी की दुकान पर सब्जी खरीदी। इसी दौरान उन्होंने हेलमेट उतार कर बाइक की हैंडल में टांग दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार वह बिना हेलमेट लगाए ही बाइक चलाने लगे। आगे नहर के पास नीलगाय ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। सड़क पर गिरने से सिर में गंभीर चोट आ गई। लोगों का कहना है कि अगर वह हेलमेट लगाए होते तो उनकी जान बच सकती थी।