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कैदी की मौत के मामले की जांच को जेल पहुंचे एडीजी जोन

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2013 में संदिग्ध हालत में हुई थी मौत, परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया था
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हाईकोर्ट में दाखिल की थी याचिका
नैनी। पिछले साल जेल के अंदर संदिग्ध हालत में मृत हुए कैदी राजू बोदर के प्रकरण की जांच करने शुक्रवार को एडीजी जोन प्रयागराज सुजीत पांडेय केंद्रीय कारागार नैनी पहुंचे। हालांकि जब एडीजी जोन पहुंचे तो जेल में हड़ंकप मच गया कि छापा पडने वाला है लेकिन बाद में स्थिति स्पष्ट हुई तो सभी ने राहत की सांस ली।
एडीजी ने वरिष्ठ जेल अधीक्षक के साथ बैरक और जेल अस्पताल का रजिस्टर देखा। जेल अस्पताल में घटना के वक्त नोट की गई राजू बोदर की स्थिति को भी चेक किया। वर्ष 2013 में नैनी सेंट्रल जेल में सजायाफ्ता के रूप में बंद राजू बोदर की अचानक तबियत खराब हो गई थी। उसे पहले जेल अस्पताल ले जाया गया। वहां हालत में सुधार न होने पर एसआरएन अस्पताल रेफर कर दिया गया। अस्पताल ले जाते समय रास्ते में उसकी उसी दिन मौत हो गई थी। इस प्रकरण में घरवालों ने हत्या का आरोप लगाते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर दी थी। जिसमें हाईकोर्ट ने पुलिस को मुकदमा दर्ज करके जांच करने का आदेश दिया था।
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उसी प्रकरण में शुक्रवार को एडीजी जोन प्रयागराज सुजीत पांडेय नैनी सेंट्रल जेल में जांच पड़ताल करने पहुंचे। शाम को करीब छह बजे जेल पहुंचे एडीजी जोन जेल के अंदर करीब एक घंटे तक रहे। इस दौरान उन्होंने वरिष्ठ जेल अधीक्षक एचबी सिंह से लेकर उस वक्त जेल में रहे अन्य जेल कर्मचारियों एवं नंबरदारों से पूछताछ की। जेल अस्पताल में जाकर मृत कैदी के का मेडिकल रिपोर्ट चेक की और आवश्यक पूछताछ करके चले गए।
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राजू बोदर की वर्ष 2013 में मौत हो गई थी। इस प्रकरण में हाईकोर्ट में रिट हो गई थी। उसी प्रकरण की जांच करने एडीजी जोन प्रयागराज सेंट्रल जेल नैनी आए थे।
-वीआर वर्मा डीआईजी कारागार, प्रयागराज परिक्षेत्र
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