साहब, फर्जी फंसाया जा रहा है
इस मामले में आरोपी पक्ष की ओर से उच्चाधिकारियों से गुहार लगाई गई। बताया गया कि श्रीराम की मौत सड़क हादसे में हुई और उसे फर्जी फंसाया जा रहा है। सूत्रों का कहना है कि मामले की जांच कराई गई तो कई चौंकाने वाली बात सामने आई। पता चला कि मौका मुआयना किए बिना ही मामले में गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ाई गई। इस खेल में सीओ कार्यालय में तैनात दीवान संजय की भी संलिप्तता से संबंधित शिकायतें अफसरों के पास पहुंचीं। जिसके बाद उसे निलंबित कर दिया गया। साथ ही तत्कालीन व वर्तमान सीओ हंडिया भीम कुमार गौतम की जांच शुरू कराने का निर्णय लिया गया है।
प्रकरण बेहद गंभीर है। तत्कालीन व वर्तमान सीओ हंडिया के खिलाफ जांच के लिए एसपी गंगापार से रिपोर्ट मांगी गई है। मामले में जो भी दोषी होगा, उस पर कार्रवाई की जाएगी। - अजय कुमार, एसएसपी
नारीबारी में भी हुआ था प्रयास
सूत्रों का कहना है कि विवेचना में सांप को रस्सी और रस्सी को सांप बनाने का पुलिस का खेल नया नहीं है। कुछ समय पहले नारीबारी में भी सड़क हादसे को गैरइरादतन हत्या में तब्दील करने का खेल शुरू हुआ था। लेकिन खेल पूरा होता, इससे पहले ही मामले की भनक एक अफसर को लग गई। विभाग में यह मामला कई दिनों तक चर्चा का विषय बना रहा। इससे पहले हंडिया में गवाह को फर्जी तरीके से दुष्कर्म के मामले में जेल भेजने का मामला सामने आ चुका है।