इलाहाबाद (ब्यूरो)। धूमनगंज के मरियाडीह में फारच्यूनर के भीतर आबिद प्रधान की चचेरी बहन और ड्राइवर को गोलियां से छलनी करने के बाद फरार अपराधी धमकियां देते घूम रहे हैं। प्रधान आबिद ने बृहस्पतिवार को मीडिया के सामने दावा किया कि उन्हें बदमाशों की तरफ से धमकियां मिल रही हैं। यह भी पता चला है कि एक बार चूक होने के बाद अब दुश्मन उनके कत्ल के लिए नए सिरे से साजिश रच चुके हैं।
आबिद ने कहा कि पिछले शुक्रवार की इस घटना को अब एक सप्ताह हो गया लेकिन पुलिस ने सात नामजद आरोपियों में एक भी गिरफ्तारी नहीं की है। ऐसे में उनकी जान को खतरा बना हुआ है। पुलिस ने गिरफ्तारी के लिए कुछ दिन की मोहलत मांगी थी मगर लगता है कि पुलिस प्रयास ही नहीं कर रही है। आबिद के मुताबिक उन्होंने मारे गए ड्राइवर सुरजीत की पत्नी-बच्चों के गुजारे के लिए बमरौली इलाके में 100 गज का एक प्लॉट दिया है।
उसकी कीमत करीब दस लाख रुपये है। सुरजीत के परिजन चाहे उसे बेचकर पैसे ले लें या जो उनकी मर्जी। वह आगे भी इस परिवार की मदद करते रहेंगे। आबिद के साथ उनकी चचेरी बहन अल्कमा की मां खुशनुमा भी दोनों मासूम बच्चों को लेकर आई थीं। खुशनुमा ने रोते हुए कहा कि इन्हीं बदमाशों ने बीस साल पहले उनके पति को मार डाला था। अब उनकी बेटी अल्कमा का कत्ल कर दिया। उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाए।