इलाहाबाद। चिकित्साधिकारी की गाड़ी फूंकने को लेकर सरकारी चिकित्सकों का एक प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को हाईकोर्ट बार एसोसिएशन अध्यक्ष से मिला और प्रकरण से अवगत कराते हुए आरोपी अधिवक्ताओं के खिलाफ बार एसोसिएशन के स्तर से कार्रवाई की मांग की। एसोसिएशन अध्यक्ष ने घटना पर अफसोस जताते हुए चिकित्सकों को हर संभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। दूसरी ओर पीएमएस के आह्वान पर चिकित्सकों ने शुक्रवार को भी तीन घंटे तक कार्य बहिष्कार किया। चिकित्सकों के ड्यूटी से विरत रहने से मरीजों-तीमारदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्वास्थ्य विभाग में बतौर अधीक्षक तैनात डा. जयचंद सरोज की सफारी गाड़ी कुछ अधिवक्ताओं ने उस समय फूंक दी थी जब डा. सरोज घर जा रहे थे। इस घटना को लेकर चिकित्सकों में खासा आक्रोश है। घटना के आरोपी चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पीएमएस एसोसिएशन के पदाधिकारी और सदस्य लामबंद हैं। आरोपी अधिवक्ताओं के खिलाफ बार स्तर पर कार्रवाई की मांग को लेकर चिकित्सकों का एक प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को हाईकोर्ट बार एसोसिएशन अध्यक्ष कंदर्प नारायण मिश्र से मिला और आरोपी अधिवक्ताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पीएमएस संघ अध्यक्ष डा. एके चड्ढा ने बताया कि बार एसोसिएशन अध्यक्ष ने घटना पर गहरा शोक जताते हुए हर सहयोग देने का आश्वासन दिया।
दूसरी ओर घटना के विरोध में पीएमएस संघ के आह्वान पर एसआरएन, काल्विन, टीबी स्रपू, चिल्ड्रेन समेत सभी सरकारी अस्पतालों के चिकित्सकों ने शुक्रवार को भी तीन घंटे तक कार्य बहिष्कार किया। चिकित्सकों के बहिष्कार से इलाज कराने पहुंचे मरीजों-तीमारदारों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं पीएमएस संघ अध्यक्ष का कहना है कि चिकित्सकों का उद्देश्य मरीजों-तीमारदारों को परेशान करना कतई नहीं है लेकिन किसी भी स्तर पर ठोस कार्रवाई न होने से कदम उठाना पड़ रहा है।