खिलाड़ियों के लिए खुलेगी हाई एक्सीलेंस एकेडमी
- खेल मंत्री चेतन चौहान ने किया मेयो हाल, स्टेडियम का निरीक्षण
- कहा, वेटरन खिलाड़ियों को दिया जाएगा 20 हजार मासिक पेंशन
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
प्रदेश में खिलाड़ियों की सुविधा के लिए जल्द ही हाई एक्सीलेंस एकेडमी खुलेगी। साथ ही वाराणसी, लखनऊ और मेरठ में फिजियोथिरेपी रिहैबिलिटेशन सेंटर खोले जाएंगे। यहां पर खिलाड़ियों का उपचार नि:शुल्क होगा। सेंटर पर डॉक्टर भी मौजूद रहेंगे। इस दिशा में काम शुरू हो गया है। ये बातें मदन मोहन मालवीय स्टेडियम में खिलाड़ियों से मुखातिब खेल मंत्री चेतन चौहान ने कही। वह खिलाड़ियों से अपनी भावी योजनाओं को बता रहे थे। उन्होंने वेटरन खिलाड़ियों को 20 हजार रुपये मासिक पेंशन देने का भी एलान किया। साथ ही खिलाड़ियों को सफलता के कई टिप्स भी दिए।
खेल मंत्री ने कहा कि वह प्रदेश में खेल का माहौल बनाने में जुटे हैं। उन्होंने इसके लिए लक्ष्य भी निर्धारित कर रखा है। हाई एक्सीलेंस एकेडमी और रिहैबिलिटेशन सेंटर उसी कड़ी में शामिल है। एक्सीलेंस सेंटर में डॉक्टर, फिजियोथिरेपिस्ट के साथ एडवांस ट्रेनिंग देने के लिए कोच होंगे। एक्सीलेंस सेंटर में 30 खिलाड़ियों को उच्चस्तरीय प्रशिक्षण दिया जाएगा। कहा कि दिल्ली के एक बड़े आर्थोपेडिक सर्जन उनके संपर्क में हैं। उन्होंने खिलाड़ियों को सेवाएं मुफ्त मुहैया कराने का आश्वासन दिया है। कहा कि वेटरन अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खिलाड़ियों को जल्द ही पेंशन की सुविधा मुहैया कराई जाएगी। उन्हेें 20 हजार रुपये मासिक पेंशन दी जाएगी।
लखनऊ स्थित बाबू केडी सिंह स्टेडियम में ट्रायल के लिए पहुंचने वाले खिलाड़ियों के लिए 20 कमरे खुलवा दिए गए हैं। वहां उन्हें ट्रायल देने के दौरान रुकने की नि:शुल्क व्यवस्था होगी। कहा कि ओलंपिक, एशियन, कॉमनवेल्थ गेम्स में जो खिलाड़ी मेडल लाएंगे, उन्हें केंद्र सरकार के बराबर पुरस्कार मुहैया कराया जाएगा। मंत्री ने इस दौरान खिलाड़ियों और कोच से भी बातचीत की। इसके पूर्व मदन मोहन मालवीय स्टेडियम ओर अमिताभ बच्चन स्पोर्ट्स कांप्लेक्स (मेयो हॉल) का निरीक्षण किया। उन्होंने कांप्लेक्स में बन रहे अंतरराष्ट्रीय स्तर के स्टेडियम में कई कमियां पाईं। उसे दूर करने का निर्देश दिया।