परिषदीय विद्यालयों में बढ़ाए जाएं विद्यार्थियों के नामांकन
0 एडी बेसिक ने इलाहाबाद समेत फतेहपुर, कौशाम्बी, प्रतापगढ़ के एबीएसए को दिए निर्देश
इलाहाबाद।
खंड शिक्षा अधिकारियों (एबीएसए) को परिषदीय विद्यालयों में नामांकन बढ़ाने होंगे। विद्यालयों में संचालित योजनाओं का व्यापक रूप से प्रचार प्रसार करना होगा। सोमवार को सहायक शिक्षा निदेशक (एडी) बेसिक रमेश कुमार ने इलाहाबाद, फतेहपुर, कौशाम्बी एवं प्रतापगढ़ के एबीएसए के साथ बैठक में विद्यालयों को भेजी गई किताबों का तत्काल वितरण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के दौरान बीआरसी स्तर पर पुस्तकें डंप पाई गईं तो संबंधित एबीएसए के खिलाफ कठोर कार्रवाई की हिदायत भी दी।
कहा कि ड्रेस का वितरण न होने या उसकी गुणवत्ता खराब होने पर भी एबीएसए जिम्मेदार होंगे। इस दौरान एबीएसए ने बताया कि शिक्षकों के पहचान पत्र का कार्य जल्द पूरा कर उसे वितरित किया जाएगा। नोटिस बोर्ड पर शिक्षकों की फोटोग्राफ लगाने का काम भी एक सप्ताह में होगा। एडी ने विद्यालयों में पौधे लगाने उनकी देखभाल के लिए ग्राम प्रधान एवं एसएमसी के सदस्यों से मदद लेने को कहा। आधार कार्ड बनाने का काम 30 अगस्त तक पूरा कराने का निर्देश दिया। एबीएसए ने बताया कि इस काम में लगी एजेंसी सहयोग नहीं कर रही है। उन्होंने निर्धारित लक्ष्य के तहत विद्यालयों का निरीक्षण करने, गोद लिए गए विद्यालयों को आदर्श विद्यालय के रूप में विकसित करने का भी निर्देश दिया।
एडी ने कहा कि अंग्रेजी सीखने के लिए चलाया जा रहा रेडियो कार्यक्रम प्रतिदिन विद्यार्थियों को सुनाया जाए। कोई भी विद्यालय एकल या शिक्षक विहीन नहीं होना चाहिए। वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिताओं की तैयारी शुरू की जाए और एमडीएम के तहत विद्यालयों में फल एवं दूध का वितरण नियमित कराया जाए। बैठक में डीआई उर्दू विभा सिंह भी मौजूद थीं।
सरकार पर दोहरी नीति अपनाने का आरोप
इलाहाबाद। अखिल भारतीय वित्तविहीन शिक्षक अभिभावक महासंघ ने प्रदेश सरकार पर वित्तविहीन शिक्षकों, शिक्षामित्रों और बेरोजगार युवाओं के साथ दोहरी नीति अपनाने का आरोप लगाता हुए निंदा की है। महासंघ की सोमवार को चंद्रशेखर आजाद पार्क में हुई बैठक में प्रदेश के वित्त विहीन शिक्षकों एवं शिक्षामित्रों से अपने हक के लिए एक मंच पर आने की अपील की। बैठक में महासंघ के राष्ट्रीय महासचिव संजय मिश्रा ने हाल में शिक्षामित्रों पर लाठी चार्ज को चिंताजनक बताया। कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माता होता है, सरकार ने उनके लिए निर्णय नहीं लेगी तो 2019 लोकसभा चुनाव में 73 से तीन सीट जीतना भी मुश्किल हो जाएगा। बैठक का संचालन प्रदेश उपाध्यक्ष कौशलेंद्र द्विवेदी ने किया। इसमें सचिन यादव, मुकेश कुमार, रंजना शुक्ला, रमाशंकर शुक्ला, अनुज द्विवेदी, अभिषेक द्विवेदी, अजय पांडेय, आशीष कुमार मिश्र, ऊषा सिंह आदि शामिल थीं।