फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कल्याण के बयान मेें सवर्णा को एकजुट करने का संदेश

विज्ञापन
विज्ञापन
कल्याण के बयान में सवर्णों को एक जुट होने का संदेश
विज्ञापन

0 पूर्व भाजपा विधायक उदयभान ने की बयान की निंदा
इलाहाबाद। पूर्व भाजपा विधायक और मौजूद भाजपा विधायक नीलम करवरिया के पति उदयभान करवरिया ने आरक्षण को लेकर राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह के बयान की तीखी आलोचना की है। नैनी जेल में बंद करवरिया बुधवार को पेशी पर कचहरी पहुंचे तो उन्होंने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा कि राज्यपाल स्तर के व्यक्ति को ऐसा बयान देना शोभा नहीं देता है। यह उनकी बढ़ती उम्र का नतीजा है और यदि ऐसा नहीं है तो इस बयान से उनकी मानसिकता का अंदाजा लग जाता है।
विज्ञापन

उदयभान का कहना था कि प्रत्यक्ष रूप से तो कल्याण सिंह ने थप्पड़ मारकर आरक्षण छीनने की बात की है मगर अप्रत्यक्ष रूप से सामान्य जातियों को संदेह दिया है कि अब अगर एक नहीं हुए तो थप्पड़ मार कर आरक्षण छीना जाएगा। दरअसल कल्याण सिंह सवर्णों के हितैशी हैं क्योंकि उन्होंने इशारे-इशारे में सवर्णों को एक जुट होने का संदेह दिया है। आरक्षण व्यवस्था के बारे में करवरिया का कहना था कि संविधान में आरक्षण की व्यवस्था कुछ ही वर्षों के लिए की गई है। किंतु इसे अनिश्चित काल तक के लिए बढ़ा दिया गया। जबकि वास्तविकता यह है कि आरक्षण का लाभ सिर्फ कुछ परिवारों तक ही सीमित है। इसके असली हकदार आज भी आरक्षण के लाभ से वंचित है। उन्होंने कहा कि आरक्षण का सबसे बड़ा नुकसान यह है कि देश की प्रतिभा विदेशों में जा रही है और देश को उसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। देश के प्रतिभाशाली युवाओं का योगदान अमेरिका जैसे देश की तरक्की में है। यदि आरक्षण न होता तो यह योगदान भारत को मिलता।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें