तीन दिन इलाहाबाद में बैठें आईजी लॉ एंड आर्डर
0 धूमनगंज से लापता किशोरी के बरामद न होने पर हाईकोर्ट सख्त
0 आईजी को धूमनगंज और खुल्दाबाद थाने में कैंप लगाने को कहा
0 लापता बच्चों के परिजनों की शिकायत आईजी खुद सुनें, एसएसपी भी रहें मौजूद
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
शहर के धूमनगंज थानाक्षेत्र से लापता किशोरी के तय समय में बरामद न होने से नाराज हाईकोर्ट ने कड़ा आदेश पारित किया है। कोर्ट ने आईजी लॉ एंड आर्डर को आदेश दिया है कि वह सात, आठ और नौ दिसंबर को तीन दिन के लिए इलाहाबाद में कैंप करें। इस दौरान वह धूूमनगंज और खुल्दाबाद थानों में बैठकर लापता बच्चों के परिजनों की शिकायतें सुनेंगे। यदि किसी की प्राथमिकी दर्ज नहीं है तो उसे दर्ज कराएंगे और जहां दर्ज है उसकी विवेचना की प्रगति देखेंगे।
लापता किशोरी की मां की याचिका पर सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति विपिन सिन्हा और न्यायमूर्ति जेजे मुनीर की पीठ ने एसएसपी आकाश कुलहरि को भी आदेश दिया है कि इस दौरान वह भी आईजी के साथ मौजूद रहकर उनका सहयोग करेंगे। कैंप में आईजी आम लोगों से खुद मिलकर उनकी शिकायतें सुनेंगे। इलाहाबाद पुलिस को निर्देश दिया कि दोनों थानाक्षेत्रों में रहने वाली जनता के किसी भी व्यक्ति को आईजी से मुलाकात करने से रोका नहीं जाएगा।
इससे पूर्व कोर्ट में मौजूद एसएसपी, एसपी सिटी, खुल्दाबाद और धूमनगंज थानाध्यक्ष ने मामले में अबतक की गई कार्रवाई की जानकारी दी। एसएसपी ने बताया कि अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। कहा कि वह 20 दिन पहले ही इलाहाबाद के एसएसपी बने हैं। किशोरी को बरामद करने के लिए कुछ और समय चाहिए। अदालत को आश्वासन दिया कि अगली सुनवाई पर किशोरी को बरामद कर अदालत के समक्ष प्रस्तुत कर दिया जाएगा। कोर्ट ने एसएसपी के आश्वासन के मद्देनजर डीजीपी और आईजी कानून व्यवस्था को अगली सुनवाई पर हाजिर होने से छूट दे दी है, मगर एसएसपी और अन्य अधिकारी को उपस्थित होना पड़ेगा।