इविवि में आज पहली बार बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन की बैठक
0 विश्वविद्यालय के साथ महाविद्यालयों के लिए भी हो सकते हैं महत्वपूर्ण निर्णय
0 छात्रों और कुलपति के बीच वार्ता टली, बाद में निर्धारित होगा मिलने का समय
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के इतिहास में एक अगस्त को पहली बार बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन की बैठक होने जा रही है। इस बैठक के मद्देनजर एक अगस्त को छात्रों और कुलपति के बीच प्रस्तावित वार्ता टाल दी गई है। इसके लिए समय अब बाद में निर्धारित किया जाएगा। बोर्ड की बैठक में विश्वविद्यालय के साथ महाविद्यालयों को भी महत्वपूर्ण निर्णय हो सकते हैं।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अब तक अनुशासन के मामलों में अमूमन एक कमेटी का गठन कर दिया जाता था, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर कुलपति निर्णय लेते थे लेकिन छात्र मांग कर रहे थे कि विश्वविद्यालय में बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन का गठन किया जाए। विश्वविद्यालय के इतिहास में बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन की बैठक कभी नहीं हुई। मंगलवार को दोपहर तीन बजे आयोजित होने वाली बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन की बैठक में कुल 23 सदस्य शामिल होंगे। इनमें कुलपति के साथ कुछ महाविद्यालयों के प्रधानाचार्य, कुछ के शिक्षक, इविवि के विभिन्न इंस्टीट्यूट्स के डायरेक्टर, सभी डीन, रजिस्ट्रार, चीफ प्रॉक्टर, डीएसब्डल्यू शामिल हैं। इस बैठक के कारण एक अगस्त को शाम चार बजे वीसी और छात्रों के बीच प्रस्तावित वार्ता टाल दी गई है।
हालांकि वार्ता के लिए छात्रसंघ अध्यक्ष की ओर से इविवि प्रशासन को पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के नाम की सूची सौंप दी गई है। इसमें प्रतिनिधिमंडल में अध्यक्ष रोहित मिश्र समेत उपाध्यक्ष अदील हमजा, छात्रनेता अक्षय भट्ट, माधवेश तिवारी और आनंद सिंह निक्कू के नाम शामिल हैं। छात्रों ने वार्ता के लिए मुद्दे भी बताए हैं, जिनमें विश्वविद्यालय में एकेडमिक भष्टाचार, छात्रसंघ पदाधिकारियों एवं अन्य छात्रों के खिलाफ हुई अनुशासनात्मक कार्रवाई, हॉस्टल आवंटन, विश्वविद्यालय में हुई नियुक्तियां और विश्वविद्यालय के पुस्तकालय, शिक्षण व्यवस्था एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े मामले शामिल हैं। चीफ प्रॉक्टर प्रो. रामसेवक दुबे का कहना है कि मंगलवार को बोर्ड ऑफ डिसिप्लिन की बैठक होने जा रही है, सो वार्ता टाल दी गई है। बैठक के बाद वार्ता के लिए नई तिथि एवं समय निर्धारित कर दिया जाएगा।