फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इलाहाबाद विश्वविद्यालय से संबंधित खबरें

विज्ञापन
विज्ञापन
शंकराचार्य ने जावड़ेकर से पूछा, क्यों परेशान हैं बच्चे
विज्ञापन

0 इविवि के छात्रों ने शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद से की मुलाकात
0 फीस बढ़ोतरी, भ्रष्टाचार, रूम रेंट के मुद्दे पर छात्रों का अनशन जारी
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
फीस बढ़ोतरी, रूम रेंट कंट्रोल एक्ट और विश्वविद्यालय में भ्रष्टाचार के मुद्दे पर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रों का क्रमिक अनशन लगातार छठवें दिन शुक्रवार को भी जारी रहा। छात्रों ने शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद से मिलकर उन्हें पूरी बात बताई। शंकराचार्य ने तत्काल केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर से फोन पर बात की और पूछा कि आखिर बच्चे क्यों परेशान हैं।
झूंसी स्थित शिवगंगा आश्रम में शंकराचार्य से मिलने पहुंचे छात्रों ने उन्हें बताया कि किस तरह आंदोलनकारी छात्रों पर पुलिस ने बर्बरता से लाठियां बरसाईं। शंकराचार्य को विश्वविद्यालय में वित्तीय अनियमितता समेत अन्य मुद्दों से भी अवगत कराया गया। आरोप लगाया कि कुलपति मनमानी पर उतारू हैं। छात्रों की बात सुनने के बाद शंकराचार्य ने मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर से फोन पर बात की और छात्रों की समस्या से उन्हें अवगत कराया। छात्रों का दावा है कि फोन पर जावड़ेकर ने कहा कि सरकार कुलपति के खिलाफ कार्रवाई करेगी।
विज्ञापन

इससे पूर्व क्रमिक अनशन पर बैठे छात्रों ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कोई निर्णय नहीं हो जाता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। यह भी कहा कि रूम रेंट कंट्रोल एक्ट मुद्दे पर कुलपति की ओर से गठित कमेटी में नगर निगम, जिला प्रशासन और छात्रसंघ के एक-एक प्रतिनिधि को भी शामिल किया जाए। क्रमिक अनशन और शंकराचार्य से मुलाकात के दौरान छात्रसंघ अध्यक्ष रोहित मिश्र, उपाध्यक्ष अदील हमजा, एनएसयूआई के राष्ट्रीय सचिव विवेकानंद पाठक, छात्र नेता आनंद कुमार सिंह, प्रशांत सिंह, नवदिव्य मंगलम, अवनीश यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन


रुकेगा निलंबित छात्रों का परीक्षा परिणाम
छात्र आंदोलन में शामिल जिन छात्रों को निलंबित किया गया है, उनका परीक्षा परिणाम जारी नहीं किया जाएगा। इस नियम के तहत परीक्षा नियंत्रक ने चीफ प्रॉक्टर से निलंबित छात्रों के बारे में जानकारी मांगी थी। चीफ प्रॉक्टर प्रो. रामसेवक दुबे ने पिछले दिनों निलंबित किए गए तीन छात्रनेताओं के नाम भेज दिए हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें