फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रिटर्न नहीं भरा तो 21 जून से नहीं बनेगा ई वे बिल

विज्ञापन
विज्ञापन
रिटर्न नहीं भरा तो 21 जून से नहीं बनेगा ई वे बिल
विज्ञापन

0 कुछ विशेष मामलों में ही कमिश्नर की अनुमति से बनाया जा सकेगा ई वे बिल
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) में पंजीकृत व्यापारियों ने अगर दो माह का रिटर्न नहीं भरा है तो 21 जून से उनका ई वे बिल नहीं बन सकेगा। ऐसे में उनके पास अभी तीन दिन का समय है कि वह अपना ई वे बिल भर दें। हालांकि जीएसटी पोर्टल की वजह से व्यापारियों को ई वे बिल भरने में दिक्कत हो रही है। व्यापारियों ने इसकी मियाद बढ़ाने की मांग की है।
विज्ञापन

दरअसल 31 दिसंबर 2018 को एक नोटिफिकेशन के माध्यम से जीएसटी काउंसिल द्वारा जीएसटी के अंतर्गत धारा 138ई जोड़ी है। इसके तहत यदि किसी पंजीकृत व्यापारी ने अपना दो माह का रिटर्न नहीं भरा है तो 21 जून से वह ई वे बिल नहीं जनरेट कर सकेगा। इतना ही नहीं, यदि कोई कंपोजिशन डीलर यानी ऐसा व्यापारी जो समाधान योजना में है और दो त्रैमासिक रिटर्न नहीं भरा है तो वह भी 21 जून से ई वह बिल नहीं बना सकेंगे। कुछ विशेष मामलों में कमिश्नर की अनुमति द्वारा ही ई वे बिल जेनरेट किया जा सकेगा। कैट के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र गोयल का कहना है कि व्यापारियों को चाहिए कि अप्रैल 2019 तक के अपने सभी रिटर्न 20 जून 2019 के पूर्व जरूर फाइल कर दें। इसके अलावा ई वे बिल विक्रेता या क्रेता दोनों में से किसी एक के द्वारा जारी किया जा सकता है। ऐसी अवस्था में यदि कोई व्यापारी सोचे कि उसने रिटर्न नहीं फाइल किया है तो उसे चिंता करने की कोई जरूरत नहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें