भाजपा नये प्रत्याशियों पर लगाएगी दांव
0 दिल्ली निकाय चुनाव का फार्मूला यूपी निकाय चुनाव में भी आजमा सकती है भाजपा
0 डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने किए संकेत, कहां संसदीय कमेटी ही लेगी फैसला
राहुल शर्मा
इलाहाबाद। दिल्ली निकाय चुनाव में मिली सफलता के बाद भाजपा यूपी निकाय चुनाव में भी वहां वाला फार्मूला अपना सकती है। पार्टी में अंदर ही अंदर मंथन चल रहा है कि यूपी निकाय चुनाव में इस बार पार्षद पद के लिए नये प्रत्याशियों पर दांव लगाया जाय। अगर ऐसा हुआ कि निकाय चुनाव में इस बार भाजपा किसी भी ऐसे प्रत्याशी को टिकट नहीं देगी जो निवर्तमान पार्षद है। सूबे के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने इस बात के संकेत भी दिए हैं।
दरअसल इस वर्ष अप्रैल माह में दिल्ली निकाय चुनाव में भाजपा ने दिल्ली में एक नया प्रयोग किया था। वहां पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी ने किसी भी वर्तमान पार्षद को टिकट नहीं दी थी। उन्होंने हर एक सीट पर नये चेहरों को मौका दिया। चुनाव परिणाम आया तो 270 में से 181 सीटें भाजपा के खाते में आई। दिल्ली में मिली सफलता भाजपा यूपी में भी दोहराना चाह रही है। शायद इसी वजह से भाजपा यूपी निकाय चुनाव में नये प्रत्याशियों पर दांव लगाने पर विचार कर रही है। उधर यूपी निकाय चुनाव के मद्देनजर तमाम पार्षद प्रत्याशी भी पिछले दिनों से पार्टी के आला नेताओं के यहां चक्कर भी काट रहे हैं। सूबे के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी इस बात के संकेत दिए हैं। दरअसल भाजपा की एक महिला निवर्तमान पार्षद बृहस्पतिवार को सर्किट हाउस में केशव मौर्य के समक्ष अपने वार्ड का आरक्षण बदले जाने की शिकायत करने गई थी। इस दौरान डिप्टी सीएम ने महिला पार्षद से कहा कि वह आरक्षण को लेकर परेशान न हो। हो सकता है कि दिल्ली की तर्ज पर भाजपा यूपी में भी नये प्रत्याशियों को ही टिकट दे। हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा है कि पार्टी किसे टिकट देगी यह निर्णय भाजपा की संसदीय कमेटी ही लेगी।