हरिसेनगंज से हरखपुर को जोड़ने वाली महज पांच किलोमीटर की सड़क इन दिनों राहगीरों के लिए मुसीबत बनी हुई है। सड़क पर 105 गड्ढे हैं, जिनमें रोजाना लोग गिरकर चोटिल हो रहे हैं। गड्ढों में बारिश का पानी भरने के बाद अंदाजा ही नहीं लगता कि सड़क कहां है और गड्ढा कहां है।
यह मार्ग कई गांवों को मुख्य बाजार से जोड़ता है। रोजाना हजारों की संख्या में छात्र, किसान, व्यापारी और नौकरीपेशा लोग इसी मार्ग से गुजरते हैं। सड़क की बदहाली के कारण ऑटो, बाइक और साइकिल सवार सबसे ज्यादा परेशान हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि आए दिन बाइक स्लिप होने से हादसे हो रहे हैं। कई लोग गंभीर रूप से घायल भी हो चुके हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि इस सड़क का निर्माण सबसे पहले पूर्व मंत्री अमीन अंसारी ने कराया था। उस समय सड़क की हालत काफी बेहतर थी। बाद में वर्ष 1992 में विधायक प्रभाशंकर पांडेय ने हरिसेनगंज से जमखुरी तक सड़क का पुनर्निर्माण करवाया। वर्ष 2001 में सांसद धर्मराज पटेल के प्रयासों से एक बार फिर सड़क का कायाकल्प कराया गया था, जिससे लोगों को काफी राहत मिली थी।
पिछले कई वर्षों से मरम्मत न होने के कारण सड़क पूरी तरह से टूट चुकी है। हरिसेनगंज, जमखुरी, शहबाजपुर, बरामऊ, महरौंडा, नयनवा का पूरा और हरखपुर सहित दो दर्जन गांवों के लोगों का आवागमन इसी मार्ग से होता है।
महरौंडा ग्राम पंचायत के प्रधान प्रतिनिधि मोहम्मद दानिश, क्षेत्र पंचायत सदस्य अभय पटेल, अनीस अहमद, नान्हू पासी और निसार अहमद आदि ग्रामीणों का कहना है कि कई बार पीडब्ल्यूडी और जनप्रतिनिधियों से शिकायत की गई, लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई।
हरिसेनगंज-हरखपुर मार्ग संज्ञान में है। बारिश के कारण सड़क पर गड्ढे हो गए हैं। जल्द ही मरम्मत और पैचवर्क का कार्य शुरू करा दिया जाएगा।- धनीराम वर्मा, सहायक अभियंता, लोक निर्माण विभाग